More
    Homeराज्यछत्तीसगढ़दिव्यांगता बनी न हौसले की राह में बाधा, पैरा योगासन में तीन...

    दिव्यांगता बनी न हौसले की राह में बाधा, पैरा योगासन में तीन बेटियों ने जीते मेडल

    धमतरी। छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले की श्रवण बाधित दिव्यांग बेटियों ने अपनी प्रतिभा और अद्भुत हौसले के बल पर पूरे जिले का मान बढ़ाया है। रायगढ़ के अग्रोहा धाम में आयोजित द्वितीय राज्य स्तरीय पैरा योगासन स्पोर्ट्स चैंपियनशिप-2026 में शासकीय श्रवण बाधितार्थ बालिका विद्यालय, धमतरी की छात्राओं ने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए तीन पदकों पर कब्जा जमाया। इस शानदार सफलता के दम पर तीनों बालिकाओं का चयन अब राष्ट्रीय स्तर की पैरा योगासन स्पोर्ट्स चैंपियनशिप के लिए हुआ है।

    दिव्या, श्वेता और लता ने जीते सिल्वर व ब्रॉन्ज मेडल

    22 से 23 अगस्त 2026 तक आयोजित इस राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में धमतरी के विद्यालय से कुल 20 श्रवण बाधित बालिकाओं ने हिस्सा लिया था। प्रतियोगिता के 17 वर्ष से अधिक आयु वर्ग में दिव्या देवांगन ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए दूसरा स्थान प्राप्त कर सिल्वर मेडल जीता। इसी वर्ग में श्वेता लहरे ने तीसरा स्थान हासिल कर ब्रॉन्ज मेडल अपने नाम किया। वहीं 17 वर्ष से कम आयु वर्ग में लता सलाम ने शानदार योग कौशल दिखाते हुए तीसरा स्थान प्राप्त कर ब्रॉन्ज मेडल पर कब्जा जमाया।

    आत्मविश्वास की मिसाल और राष्ट्रीय प्रतियोगिता की तैयारी

    इन विशेष आवश्यकता वाली बालिकाओं की यह उपलब्धि उनके कड़ी मेहनत, समर्पण और नियमित अभ्यास का परिणाम है। योग और खेल के माध्यम से इन छात्राओं ने साबित कर दिया है कि शारीरिक बाधाएं प्रतिभा के आगे आड़े नहीं आतीं। राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता में उनका चयन जिले के अन्य दिव्यांग विद्यार्थियों के लिए भी प्रेरणा का स्रोत बना है।

    latest articles

    explore more

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here