More
    Homeराज्यमध्यप्रदेशआज MP में मौसम का बड़ा अलर्ट: पूर्वी हिस्से में अति भारी...

    आज MP में मौसम का बड़ा अलर्ट: पूर्वी हिस्से में अति भारी बारिश, पश्चिमी जिलों में भी बरसेंगे बदरा

    भोपाल: मध्य प्रदेश में इस समय मानसून की तगड़ी सक्रियता बनी हुई है। मौसम विभाग ने स्थिति को देखते हुए गुरुवार को राज्य के करीब आधे हिस्से में मूसलाधार बारिश की चेतावनी जारी की है। बारिश के इस चक्र से जनजीवन प्रभावित होने की आशंका जताई जा रही है।

    अलर्ट वाले क्षेत्र और भारी बारिश का अनुमान

    • नर्मदापुरम और छिंदवाड़ा: यहाँ अत्यंत भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया गया है।

    • छतरपुर, सागर, रायसेन, नरसिंहपुर, सिवनी और बैतूल: इन क्षेत्रों में ऑरेंज अलर्ट लागू है। अगले 24 घंटों में यहाँ 4 इंच से अधिक पानी गिरने की संभावना है।

    • अन्य प्रभावित क्षेत्र: सीहोर, आगर-मालवा, राजगढ़, गुना, विदिशा, अशोकनगर, शिवपुरी, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, दमोह, पन्ना, सतना, मैहर, कटनी, जबलपुर, डिंडौरी, मंडला, पांढुर्णा और बालाघाट में मध्यम से भारी वर्षा का पूर्वानुमान है।

    आगामी दिनों में मौसम का रुख

    • भोपाल, ग्वालियर, उज्जैन, सागर, नर्मदापुरम और चंबल संभाग में 4 सितंबर को मौसमी तंत्र का व्यापक असर देखने को मिलेगा।

    • इंदौर में फिलहाल तेज बारिश के आसार कम हैं, लेकिन भोपाल, उज्जैन और ग्वालियर में स्थिति गंभीर हो सकती है।

    • मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार 5 सितंबर को राज्य के उत्तरी भूभाग में वर्षा की गति बढ़ेगी, जबकि 6 सितंबर को ग्वालियर-चंबल अंचल में इसका प्रभाव बना रहेगा।

    जलाशयों और बांधों की स्थिति

    • भोपाल: यहाँ का प्रसिद्ध बड़ा तालाब अब छलकने के बेहद करीब है। इसका जलस्तर 1666.50 फीट तक आ चुका है, जो क्षमता से मात्र 0.30 फीट कम है। तालाब पूरी तरह भरते ही भदभदा डैम के पट खोले जा सकते हैं, जिससे कलियासोत डैम का जलस्तर भी तेजी से बढ़ेगा।

    • प्रदेश के अधिकांश प्रमुख बांधों में पानी का भराव 70% तक हो चुका है और जल निकासी के लिए गेट खोले जा रहे हैं। हालांकि, इंदौर और उज्जैन संभाग के जलाशयों में अभी पानी की आवक उतनी बेहतर नहीं हुई है।

    बारिश के कुल आंकड़े और क्षेत्रीय स्थिति

    राज्य में अब तक कुल 714.2 मिमी (28.1 इंच) औसत वर्षा दर्ज की गई है, जो सामान्य आंकड़े 799.9 मिमी (31.5 इंच) से करीब 11% (3.4 इंच) कम है। पूर्वी अंचल में 4% तथा पश्चिमी अंचल में 17% की कमी बनी हुई है।

    इसके बावजूद, प्रदेश के 16 प्रमुख जिलों—अनूपपुर, मऊगंज, निवाड़ी, सतना, शहडोल, सीधी, सिंगरौली, उमरिया, भिंड, भोपाल, बुरहानपुर, गुना, ग्वालियर, खरगोन, राजगढ़ और शिवपुरी में अब तक सामान्य से अधिक वर्षा दर्ज की जा चुकी है।

    latest articles

    explore more

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here