नई दिल्ली। कांग्रेस पार्टी ने आगामी राजनीतिक रणनीतियों के तहत 'वोट बचाओ, देश बचाओ' अभियान की शुरुआत की है, जिसके लिए कुल 208 ऑब्जर्वर यानी पर्यवेक्षकों की नियुक्ति की गई है। इन सभी पर्यवेक्षकों को अलग-अलग जिलों में तैनात किया जाएगा, जहां वे अभियान से जुड़ी تمام गतिविधियों पर पैनी नजर रखेंगे और अपनी रिपोर्ट सीधे कांग्रेस कार्यालय को सौंपेंगे। इस महत्वपूर्ण जिम्मेदारी के तहत मध्य प्रदेश से भी कई दिग्गज नेताओं को शामिल किया गया है, जिनमें कमलेश्वर पटेल, अरुण यादव, सज्जन सिंह वर्मा, पीसी शर्मा, सचिन यादव, बाला बच्चन, विजय लक्ष्मी साधो, सुखदेव पनसे और शोभा ओझा जैसे प्रमुख नाम शामिल हैं।
शोभा ओझा ने जताया शीर्ष नेतृत्व का आभार
मध्य प्रदेश की वरिष्ठ कांग्रेस नेता शोभा ओझा ने सोशल मीडिया के जरिए अपनी नियुक्ति पर खुशी जाहिर करते हुए पार्टी के शीर्ष नेतृत्व का धन्यवाद किया है। उन्होंने पोस्ट साझा करते हुए लिखा कि 'वोट बचाओ, देश बचाओ' अभियान के अंतर्गत एआईसीसी पर्यवेक्षक की इस बड़ी जिम्मेदारी को सौंपने के लिए वे कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और पार्टी के तमाम शीर्ष नेताओं के प्रति आभार व्यक्त करती हैं। उन्होंने आगे कहा कि लोकतंत्र की रक्षा, संविधान की गरिमा और हर नागरिक के मताधिकार की सुरक्षा के संकल्प के साथ वे देश के कोने-कोने तक वोट चोरी के खिलाफ आवाज बुलंद करेंगी और पूरी निष्ठा व प्रतिबद्धता के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन करेंगी।
क्या है 'वोट बचाओ, देश बचाओ' अभियान
कांग्रेस पार्टी द्वारा यह विशेष अभियान 24 अक्टूबर तक चलाया जा रहा है, जिसका मुख्य उद्देश्य वोटर लिस्ट में मौजूद गड़बड़ियों को उजागर करना, चुनाव प्रक्रिया में पारदर्शिता की मांग करना और आम जनता के मताधिकार के मुद्दे को प्रमुखता से उठाना है। इस मुहिम के तहत पार्टी कार्यकर्ता ब्लॉक स्तर तक पहुंचेंगे और जनता को इन विषयों के प्रति जागरूक करेंगे। इसके अलावा, आम जनता को जोड़ने के लिए विरोध मार्च, साइकिल रैलियां और व्यापक जनसंपर्क कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा।


