नवरात्रा महोत्सव का उल्लास चरम पर, आज पूर्णाहुति और कन्या पूजन सहित होंगे धार्मिक आयोजन
भीलवाड़ा। श्री बाबाधाम में चल रहे नवरात्रा महोत्सव के दौरान सोमवार को महाआरती और अंतिम गरबा नृत्य में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। मंदिर परिसर भक्तों से खचाखच भर गया और दर्शन के लिए बाहर तक कतारें लगी रहीं। माता के जयकारों और गरबा नृत्य के बीच पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया।
श्री बाबाधाम के अध्यक्ष विनीत अग्रवाल के सानिध्य में आयोजित महोत्सव के दौरान सामूहिक पूजा, हवन, दुर्गा पाठ, अभिषेक और माता की आराधना की गई। बाबा धाम परिवार के सदस्यों ने एक साथ पूजा-अर्चना और हवन में भाग लेकर धर्मलाभ प्राप्त किया।
अंतिम गरबा में महिला-पुरुषों ने दिखाया उत्साह
श्री बाबाधाम के मीडिया प्रभारी एवं गरबा प्रभारी राजेश नैनावटी ने बताया कि रात 8:15 बजे बाबा धाम परिवार के महिला और पुरुष वर्ग के लिए विशेष गरबा नृत्य आयोजित किया गया। इसमें युवक-युवतियों के साथ महिलाओं और पुरुषों ने अलग-अलग वर्गों में उत्साहपूर्वक भाग लिया।
माता के दरबार में बेहतर गरबा प्रस्तुति और आकर्षक वेशभूषा को लेकर प्रतिभागियों में खास उत्साह देखने को मिला। अच्छी गरबा प्रस्तुति देने वाले और सुंदर परिधान पहनकर पहुंचे भक्तों के चयन के लिए अध्यक्ष विनीत अग्रवाल के नेतृत्व में समिति बनाई गई। चयनित प्रतिभागियों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।
महाआरती में मंदिर परिसर हुआ भक्तिमय
सोमवार शाम 7:15 बजे विशेष महाआरती आयोजित की गई। इसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। मंदिर परिसर में जगह कम पड़ने पर दर्शनार्थियों की कतारें बाहर तक पहुंच गईं। श्रद्धालुओं ने माता के दर्शन कर परिवार की सुख-समृद्धि और मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए प्रार्थना की।
महोत्सव के दौरान मंदिर को आकर्षक रंग-बिरंगे फूलों और विशेष विद्युत सजावट से सजाया गया। अध्यक्ष विनीत अग्रवाल की देखरेख में श्रद्धालुओं के दर्शन, गरबा नृत्य और पूजा-पाठ की व्यवस्थाएं की गईं। प्रतिदिन माता का विशेष श्रृंगार भी किया गया।
आज होगी पूर्णाहुति, कन्या पूजन और मूर्ति विसर्जन
श्री बाबाधाम में 11 अक्टूबर से 20 अक्टूबर 2026 तक नवरात्रा महोत्सव मनाया जा रहा है। मंगलवार, 20 अक्टूबर को महोत्सव के समापन अवसर पर पूर्णाहुति, कन्या पूजन और मूर्ति विसर्जन सहित धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
आचार्य गोविन्द गौतम और अन्य पंडितों की ओर से यज्ञशाला में पूर्णाहुति की तैयारियां की गई हैं। नवरात्रा के दौरान प्रतिदिन सुबह आरती के बाद सुबह 9:15 बजे से हवन और पूजन किया गया। शाम 7:15 बजे विशेष महाआरती में भी बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लेकर धर्मलाभ प्राप्त किया।
महोत्सव के अंतिम दिन भी श्रद्धालुओं से कार्यक्रमों में शामिल होकर पूजा-अर्चना और धार्मिक अनुष्ठानों का लाभ लेने का आह्वान किया गया है।
मिशनसच न्यूज के लेटेस्ट अपडेट पाने के लिए हमारे व्हाट्सप्प ग्रुप को जॉइन करें।
https://chat.whatsapp.com/JX13MOGfl1tJUvBmQFDvB1
अन्य खबरों के लिए देखें मिशनसच नेटवर्क


