More
    Homeदेश₹4,248 करोड़ का शिक्षा बजट पेश, BMC का बड़ा दांव

    ₹4,248 करोड़ का शिक्षा बजट पेश, BMC का बड़ा दांव

    बृहन्मुंबई| नगर निगम (बीएमसी) ने बुधवार को वित्त वर्ष 2026-27 के लिए अपना शिक्षा बजट पेश किया। इस बार कुल बजट 4,248.08 करोड़ रुपये रखा गया है, जो पिछले साल 2025-26 के 3,674 करोड़ रुपये से ज्यादा है। खास बात यह रही कि चार साल बाद यह बजट किसी प्रशासक की जगह चुने गए नगरसेवकों की आम सभा के सामने पेश किया गया। यह बजट अतिरिक्त नगर आयुक्त (पूर्वी उपनगर) डॉ. अविनाश ढाकने ने पेश किया।पूरे शिक्षा बजट को दो हिस्सों में बांटा गया है ताकि रोजमर्रा के खर्च और स्कूलों के विकास दोनों पर ध्यान दिया जा सके। राजस्व खर्च 3,758.08 करोड़ रुपये, इसमें शिक्षकों और कर्मचारियों के वेतन, स्कूलों की देखभाल और प्रशासनिक खर्च शामिल हैं। पूंजीगत खर्च 490 करोड़ रुपये यह रकम नए स्कूल बनाने और पुराने स्कूलों के बड़े सुधार कार्यों पर खर्च होगी।

    बजट में क्या खास है, यहां समझिए

    बता दें कि इस बजट में डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए कई बड़े कदम उठाए गए हैं। इसके तहत कक्षा 9 के 19,317 छात्रों को टैबलेट दिए जाएंगे। इसके लिए 21.83 करोड़ रुपये रखे गए हैं। 40 और स्कूलों में खगोल विज्ञान (एस्ट्रोनॉमी) लैब शुरू की जाएंगी। 20,000 छात्रों को साइबर सुरक्षा की ट्रेनिंग देने के लिए 11.08 करोड़ रुपये प्राथमिक और 11.08 करोड़ रुपये माध्यमिक वर्ग के लिए रखे गए हैं। यह प्रशिक्षण राष्ट्रीय फोरेंसिक विज्ञान विश्वविद्यालय के सहयोग से होगा।

    कला और संगीत को बढ़ावा

    स्कूलों में संगीत शिक्षा को मजबूत करने के लिए 1.35 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। इससे हारमोनियम, तबला और सिंथेसाइज़र जैसे वाद्ययंत्र खरीदे जाएंगे। इस मौके पर नगर आयुक्त भूषण गगरानी ने शिक्षा और अधिकार के बात पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि अच्छी शिक्षा हर बच्चे का अधिकार है, विशेषाधिकार नहीं।

    छात्रों की सुरक्षा और सुविधाएं

    इस बजट में छात्रों की सुरक्षा और सुविधाओं पर खासा ध्यान दिया गया है। इसके तहत सभी स्कूलों में सीसीटीवी कैमरे लगाने और उनकी देखभाल के लिए 42 करोड़ रुपये रखे गए हैं। स्कूल लाइब्रेरी को आधुनिक बनाने और प्रतियोगी परीक्षाओं की किताबें उपलब्ध कराने के लिए 5 करोड़ रुपये दिए गए हैं। कक्षा 10 में 90 प्रतिशत से ज्यादा अंक लाने वाले छात्रों को 25,000 रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी।इसके साथ ही ‘चलो कार्ड’ का उपयोग करने वाले छात्रों के लिए मुफ्त बस यात्रा योजना जारी रहेगी, जिसके लिए 8.70 करोड़ रुपये का प्रावधान है। बीएमसी के अनुसार, चल रहे 72 स्कूल निर्माण और मरम्मत कार्यों में से 57 काम मार्च 2026 तक पूरे हो जाएंगे। इससे अगले शैक्षणिक सत्र में छात्रों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी।

    ‘मिशन एसएएफएएल’ की शुरुआत

    इतना ही नहीं पिछले साल के ‘मिशन SAMPURN’ की सफलता के बाद अब बीएमसी ने ‘मिशन एसएएफएएल’ शुरू किया है। इसका पूरा नाम ताकत, एक्टिविटीज, भविष्य के बारे में सोचने वाला, महत्वाकांक्षी, सीखना है। यह योजना नई शिक्षा नीति 2020 के अनुसार पढ़ाई के साथ खेल, कला और अन्य गतिविधियों को जोड़ने पर जोर देगी।

    latest articles

    explore more

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here