जयपुर के एसएमएस अस्पताल में इलाज के दौरान ली अंतिम सांस; पैतृक गांव काठूवास में उमड़ा जनसैलाब, दिग्गज नेताओं ने जताई गहरी संवेदना
अलवर। राजस्थान विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने अपनी मां स्वर्गीय श्रीमती चलती देवी को नम आंखों से अंतिम विदाई दी। उन्होंने स्वयं मुखाग्नि देकर अपनी माताजी को पंचतत्व में विलीन किया। अंतिम यात्रा के दौरान पूरा परिवार भावुक नजर आया और जूली की आंखों से आंसू थमने का नाम नहीं ले रहे थे।
अपने सरल, सौम्य और धार्मिक स्वभाव के कारण समाज में विशेष पहचान रखने वाली स्वर्गीय चलती देवी के अंतिम दर्शन के लिए जनसैलाब उमड़ पड़ा। जूली परिवार अपने पैतृक गांव काठूवास से अंतिम यात्रा में शामिल हुआ। गांव में उनकी मृत्यु की खबर से शोक की लहर दौड़ गई और माहौल गमगीन हो गया।
उल्लेखनीय है कि शुक्रवार देर रात बाथरूम में पैर फिसलने से चलती देवी गंभीर रूप से घायल हो गई थीं। उन्हें तुरंत जयपुर स्थित एसएमएस अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान उन्होंने अंतिम सांस ली।
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत बोले – मां की तपस्या से जूली इस मुकाम पर
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने काठूवास पहुंचकर स्वर्गीय चलती देवी को श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि मां की तपस्या, त्याग और संघर्ष की बदौलत ही टीकाराम जूली आज राजनीति के बड़े शिखर पर पहुंचे हैं।
गहलोत ने कहा कि एक छोटे से गांव से निकलकर जिला पार्षद का चुनाव जीतना और आज राजस्थान विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष की जिम्मेदारी निभाना, यह सब माता-पिता के संस्कारों और तपस्या का परिणाम है। उन्होंने स्वर्गीय लेखराम ठेकेदार और चलती देवी के संघर्षपूर्ण जीवन को याद करते हुए कहा कि उन्होंने कठिन परिस्थितियों में अपने बेटे को इस मुकाम तक पहुंचाया।
संस्कारों और मूल्यों की साक्षात प्रतिमूर्ति थीं स्वर्गीय चलती देवी
स्वर्गीय श्रीमती चलती देवी का पीहर हरियाणा के महेंद्रगढ़ जिले के दोंगड़ा अहीर गांव में था। उनके दो पुत्र हैं—बड़े पुत्र टीकाराम जूली राजस्थान की राजनीति का प्रमुख चेहरा हैं, जबकि छोटे पुत्र मुकेश जूली उद्योग जगत से जुड़े हैं और हरियाणा की राजनीति में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं।
ग्रामीणों के अनुसार, चलती देवी धार्मिक प्रवृत्ति की महिला थीं और समाज में उनकी सहजता के कारण गहरी पैठ थी। उन्होंने अपने परिवार को हमेशा संस्कारों और सामाजिक मूल्यों की शिक्षा दी। सादगीपूर्ण जीवन और सामाजिक प्रतिबद्धता उनकी पहचान थी। परिवार और समाज के संस्कारों को संजोए रखने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही।
दिग्गज नेताओं ने जताई संवेदना
नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली की माताजी के निधन पर देश-प्रदेश के कई वरिष्ठ नेताओं ने शोक व्यक्त किया।
संवेदना व्यक्त करने वालों में लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला, मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी, पीसीसी चीफ गोविंद सिंह डोटासरा, मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़, पूर्व उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट सहित कई जनप्रतिनिधि शामिल रहे।
अंतिम संस्कार में भी बड़ी संख्या में राजनीतिक, सामाजिक और विभिन्न संगठनों के पदाधिकारी उपस्थित रहे और स्वर्गीय चलती देवी को श्रद्धांजलि अर्पित की।
मिशनसच न्यूज के लेटेस्ट अपडेट पाने के लिए हमारे व्हाट्सप्प ग्रुप को जॉइन करें।
https://chat.whatsapp.com/JX13MOGfl1tJUvBmQFDvB1
अन्य खबरों के लिए देखें मिशनसच नेटवर्क


