More
    Homeराज्यमध्यप्रदेशघर से गायब हुई बेटी अब प्रेग्नेंट, हाईकोर्ट में बंदी प्रत्यक्षीकरण मामले...

    घर से गायब हुई बेटी अब प्रेग्नेंट, हाईकोर्ट में बंदी प्रत्यक्षीकरण मामले में खुलासा

    जबलपुर : लापता बेटी की तलाश किए जाने की मांग करते हुए हाईकोर्ट में बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका दायर की गई थी. इस याचिका की सुनवाई के दौरान पुलिस ने हाईकोर्ट में जो तथ्य पेश किए, उससे एक नई कहानी निकलकर सामने आई हैं. पिता द्वारा लापता बेटी को खोजने के लिए लगाई गई बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका के बाद बताया गया कि उनकी बेटी दिल्ली में रह रही है. इस मामले में यह भी सामने आया कि युवती साढे़ आठ महीने की गर्भवती है, इसलिए सफर कर कोर्ट में उपस्थित नहीं हो सकती.

    युवती ने किया प्रेम विवाह, कोर्ट ने याचिका की निरस्त

    पुलिस ने हाईकोर्ट के यह भी बताया कि युवती ने अपनी मर्जी से दिल्ली के रोहिणी में 20 मार्च 2025 को विवाह कर लिया था, इसके बाद वह गर्भवती है. पुलिस ने पेन ड्राइव में युवती के बयान प्रस्तुत किए हैं, जिसमें युवती ने बताया कि वह बच्चे को जन्म देने के बाद अपने पैतृक गांव जाएगी. हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस संजीव सचदेवा व जस्टिस विनय सराफ की युगलपीठ ने महिला के बयान को सुनने के बाद याचिका का निराकरण कर दिया.

    पिता ने लगाई थी बेटी को खोजने के लिए याचिका

    सतना जिले के एक गांव में रहने वाले पिता की ओर से दिसंबर 2025 में दायर की गयी याचिका में कहा गया था कि उसकी 22 वर्षीय बेटी विगत 9 माह से लापता है. बेटी 18 मार्च को लापता हुई थी. उसके लापता होने की रिपोर्ट अगले दिन 19 मार्च को पुलिस थाने में दर्ज करवाई गई थी. याचिका में कहा गया था कि घर के सामने रहने वाला युवक उसकी बेटी को बंधक बनाकर ले गया है और उसकी जान को खतरा है. पुलिस उसकी बेटी को तलाश करने के लिए उचित प्रयास नहीं कर रही है.

    हाईकोर्ट ने पुलिस को दिए थे जांच के आदेश

    याचिका की सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने लापता युवती को पेश करने के आदेश जारी किए थे. पिछली सुनवाई के दौरान पुलिस की ओर से स्टेटस रिपोर्ट फाइल करने समय प्रदान करने का आग्रह किया गया था. याचिका पर बुधवार को हुई सुनवाई के दौरान पुलिस की ओर से बताया गया कि युवती और उसके प्रेमी ने आर्य समाज मंदिर रोहिणी (दिल्ली) में 20 मार्च 2025 को विवाह कर लिया था. पुलिस द्वारा हाईकोर्ट जबलपुर में विवाह का सर्टिफिकेट भी पेश किया गया.

    पुलिस ने युगलपीठ को बताया कि महिला साढ़े आठ माह की गर्भवती है, ऐसे में उसका कोर्ट में आना संभाव नहीं है. पुलिस ने मेडिकल रिपोर्ट पेश के साथ पेन ड्राइव में उसके बयान पेश किए थे.

    latest articles

    explore more

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here