More
    Homeराज्यपंजाबमौसम ने ली करवट, 17 जिलों के लिए बारिश-आंधी की चेतावनी जारी

    मौसम ने ली करवट, 17 जिलों के लिए बारिश-आंधी की चेतावनी जारी

    पटियाला। पंजाब के विभिन्न हिस्सों में आज तेज रफ्तार हवाओं और बारिश को लेकर चेतावनी जारी की गई है। सुनाम में सुबह-सुबह हुई झमाझम बारिश के बाद मौसम काफी खुशनुमा और सुहावना हो गया है। इससे पहले सोमवार को अधिकांश इलाकों में मौसम शुष्क बना रहा, हालांकि कुछ गिने-चुने स्थानों पर हल्की बौछारें भी पड़ी थीं। इस मौसमी बदलाव की वजह से राज्य के अधिकतम तापमान में 0.4 डिग्री सेल्सियस की मामूली गिरावट दर्ज की गई, जिससे पारा सामान्य स्तर के नजदीक आ गया है। इस दौरान सूबे में सबसे ज्यादा 39.4 डिग्री सेल्सियस तापमान फरीदकोट में रिकॉर्ड किया गया।

    17 जिलों में अंधड़ और बारिश का यलो अलर्ट

    मौसम विज्ञान केंद्र ने मंगलवार को राज्य के 17 जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी किया है। इसके तहत अमृतसर, तरनतारन, कपूरथला, जालंधर, फिरोजपुर, फरीदकोट, मोगा, फाजिल्का, मुक्तसर, बठिंडा, लुधियाना, बरनाला, संगरूर, मानसा, मोहाली, फतेहगढ़ साहिब और पटियाला में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से धूलभरी आंधी चलने और गरज-चमक के साथ पानी गिरने की संभावना है। मौसम विभाग का अनुमान है कि बुधवार को भी कई जगहों पर बूंदाबांदी का दौर जारी रहेगा, जबकि 18 जून से नया वेदर सिस्टम और अधिक मजबूत होगा। इसके चलते 18 से 20 जून तक तीन दिनों का यलो अलर्ट रहेगा, जिससे तापमान में 3 से 4 डिग्री सेल्सियस तक की बड़ी कमी आ सकती है।

    तापमान का लेखा-जोखा

    प्रमुख शहरों के पारे की बात करें तो अमृतसर में अधिकतम तापमान 36.0 डिग्री, लुधियाना में 35.6 डिग्री, पटियाला में 37.8 डिग्री, पठानकोट में 37.6 डिग्री और बठिंडा में 37.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं, रात के न्यूनतम तापमान में 2.8 डिग्री का उछाल आया है, जिसमें सबसे कम रात का तापमान 22.5 डिग्री सेल्सियस एसबीएस नगर (नवांशहर) में मापा गया।

    तूफान से बिजली इंफ्रास्ट्रक्चर को भारी चपत

    मौसम की इस मार के बीच 11 और 12 जून को आए भीषण आंधी-तूफान के कारण सूबे के बिजली वितरण तंत्र को भारी क्षति पहुंची है। पावरकॉम द्वारा तैयार की गई आधिकारिक नुकसान रिपोर्ट के अनुसार, पूरे पंजाब में लगभग 9,981 बिजली के खंभे जमींदोज हो गए, 1,630 ट्रांसफार्मर फुंक गए और करीब 331 किलोमीटर लंबी बिजली की लाइनें टूट कर गिर गईं। इस प्राकृतिक आपदा की वजह से बिजली निगम को कुल 20.73 करोड़ रुपये का वित्तीय नुकसान झेलना पड़ा है।

    बॉर्डर जोन में मची सबसे ज्यादा तबाही

    क्षेत्रवार नुकसान का आकलन करें तो सबसे अधिक 9.14 करोड़ रुपये की चपत बॉर्डर जोन को लगी है, जहां अमृतसर, तरनतारन, गुरदासपुर और पठानकोट में 719 ट्रांसफार्मर और 4,420 खंभे टूट गए। इसके अलावा वेस्ट जोन में 3.90 करोड़ (421 ट्रांसफार्मर, 2,567 खंभे), सेंट्रल जोन के लुधियाना में 3.02 करोड़ (150 ट्रांसफार्मर, 429 खंभे), साउथ जोन में 2.83 करोड़ (216 ट्रांसफार्मर, 1,550 खंभे), नॉर्थ जोन में 1.42 करोड़ (96 ट्रांसफार्मर, 749 खंभे) और ईस्ट जोन में सबसे कम 44 लाख रुपये का नुकसान हुआ है। हालिया वर्षों में बिजली महकमे को हुआ यह अब तक का सबसे बड़ा नुकसान है, जिसकी वजह से कई अंचलों में घंटों ब्लैकआउट रहा। पावरकॉम को इस दौरान रिकॉर्ड शिकायतें मिलीं, जिसके बाद युद्ध स्तर पर मरम्मत कार्य कर आपूर्ति बहाल की गई।

    latest articles

    explore more

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here