चेन्नई। तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने राज्य के किसानों को एक बहुत बड़ी सौगात देते हुए सहकारी बैंकों से लिए गए फसल कर्ज को माफ करने का ऐतिहासिक ऐलान किया है। इसके साथ ही सूबे की राजधानी चेन्नई में पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए एक बेहद अनोखी और दिलचस्प योजना की शुरुआत की गई है, जिसके तहत शराब की खाली बोतल लौटाने पर लोगों को नकद पैसे दिए जा रहे हैं।
लाखों किसानों का कर्ज होगा माफ
सरकार के इस बड़े फैसले का सीधा लाभ उन किसानों को मिलेगा, जिन्होंने 1 मई 2025 से 28 फरवरी 2026 के बीच सहकारी बैंकों से फसल लोन लिया था। इस योजना के तहत ₹75,000 तक का कर्ज लेने वाले छोटे किसानों का पूरा लोन माफ कर दिया जाएगा। वहीं, जिन किसानों पर ₹75,000 से अधिक का कर्ज बकाया है, उन्हें भी राहत देते हुए उनके लोन में से ₹35,000 की कटौती (माफी) की जाएगी। मुख्यमंत्री के इस कदम से तमिलनाडु के करीब 14.43 लाख किसानों को बहुत बड़ी आर्थिक राहत मिलेगी। हालांकि, इससे सरकारी खजाने पर लगभग ₹6,000 करोड़ का भारी-भरकम बोझ पड़ेगा, जिसे सरकार अगले 45 से 60 दिनों के भीतर बैंकों को चुका देगी।
खाली बोतल दीजिए और ₹10 ले जाइए
दूसरी तरफ, चेन्नई के एग्मोर इलाके में कचरा प्रबंधन और रीसाइक्लिंग को बढ़ावा देने के लिए एक अनूठा प्रयोग शुरू किया गया है। यहां एक 'ऑटोमैटिक बोतल कलेक्शन मशीन' लगाई गई है, जो खाली बोतलें जमा करने पर तुरंत पैसे देती है। जैसे ही कोई व्यक्ति शराब की खाली बोतल इस मशीन में डालता है, तो उसमें लगे हाईटेक कैमरे और सेंसर सक्रिय हो जाते हैं। यह मशीन चंद सेकंडों में बोतल के आकार, साइज और उसकी स्थिति को पूरी तरह स्कैन कर लेती है। अगर बोतल सही सलामत और तय मानकों के अनुरूप पाई जाती है, तो मशीन से तुरंत ₹10 का कैश बाहर आ जाता है। इस योजना की चर्चा अब पूरे देश में हो रही है।


