जयपुर: बंगाल की खाड़ी में विकसित हुए डिप्रेशन सिस्टम के असर से राजस्थान में एक बार फिर मानसून की सक्रियता बढ़ने जा रही है। मौसम विभाग की भविष्यवाणियों के मुताबिक आज से प्रदेश के पूर्वी हिस्सों में मूसलाधार बारिश का दौर शुरू होगा, जिससे आमजन को उमस भरी गर्मी से बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
पूर्वी राजस्थान में सक्रिय होगा मानसून
मौसम विभाग से मिली जानकारी के अनुसार भरतपुर, जयपुर, कोटा, अजमेर और उदयपुर संभाग के अनेक जिलों में बारिश होने के पूरे आसार हैं। इसे ध्यान में रखते हुए मौसम केंद्र ने कई महत्वपूर्ण जिलों के लिए बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है, जिससे प्रशासनिक स्तर पर भी तैयारियां तेज हो गई हैं।
भारी बारिश को लेकर विशेष अलर्ट
मौसम विज्ञान केंद्र के पूर्वानुमान के मुताबिक आगामी 29 और 30 जुलाई को कोटा तथा उदयपुर संभाग के कुछ खास इलाकों में भारी बारिश दर्ज की जा सकती है। इस डिप्रेशन सिस्टम का प्रभाव प्रदेश में 1 से 2 अगस्त तक लगातार बने रहने की संभावना जताई गई है।
पश्चिमी जिलों में भी दर्ज हुई बारिश
बीते रविवार को पश्चिमी राजस्थान के बाड़मेर, जैसलमेर और पाली समेत कुछ चुनिंदा क्षेत्रों में हल्की से मध्यम दर्जे की वर्षा रिकॉर्ड की गई। पिछले चौबीस घंटों के दौरान अजमेर, सिरोही, राजसमंद, बाड़मेर, डीग और जालोर के विभिन्न इलाकों में अच्छी बारिश हुई, जबकि जोधपुर और झालावाड़ में भी हल्की बूंदाबांदी देखने को मिली।
धूप निकलने से बढ़ी उमस और तापमान
पिछले कुछ दिनों से बारिश की गतिविधियों में आई कमी और तेज धूप खिलने के कारण प्रदेश के कई शहरों के अधिकतम तापमान में 3 से 4 डिग्री सेल्सियस तक की बढ़ोतरी हुई। श्रीगंगानगर 38.6 डिग्री सेल्सियस के साथ सबसे गर्म शहर रहा, लेकिन अब आगामी दिनों में शुरू होने वाले बारिश के नए दौर से तापमान में गिरावट आने और उमस से निजात मिलने की पूरी उम्मीद है।


