राज्य सरकार के निर्देशानुसार 5 अगस्त को अलवर के प्रताप ऑडिटोरियम में आंगनबाड़ी बहनों के सम्मान में जिला स्तरीय कार्यक्रम होगा। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा वर्चुअली करेंगें संवाद।
मिशनसच न्यूज, अलवर। राज्य सरकार की पहल पर महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान और सहभागिता को प्रोत्साहन देने हेतु घोषित “बहनों की सुरक्षा सम्मान पर्व अभियान” के तहत 5 अगस्त मंगलवार को “आंगनबाड़ी बहन सम्मान दिवस” का जिला स्तरीय कार्यक्रम अलवर के प्रताप ऑडिटोरियम में सुबह 11 बजे से आयोजित किया जाएगा। यह आयोजन समस्त आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, सहायिकाओं और महिला हितधारकों के लिए प्रेरणास्रोत और सम्मान का मंच होगा।
कार्यक्रम की विशेष बात यह होगी कि राज्य के मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रदेश भर की आंगनबाड़ी बहनों से सीधा संवाद करेंगे और उन्हें संबोधित करेंगे। अलवर जिला स्तरीय कार्यक्रम को राज्य स्तरीय कार्यक्रम से वर्चुअली जोड़ा जाएगा।
जिला प्रशासन की तैयारी
जिला कलक्टर डॉ. आर्तिका शुक्ला ने जानकारी देते हुए बताया कि आयोजन की सफलता के लिए सभी विभागों को कार्यभार सौंपा गया है और समुचित प्रबंध सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने बताया कि:
अतिरिक्त जिला कलक्टर (शहर) को नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है।
महिला एवं बाल विकास विभाग के उपनिदेशक को सहायक नोडल अधिकारी के रूप में जिम्मेदारी दी गई है।
कार्यक्रम स्थल पर बैठक व्यवस्था, प्रोजेक्टर स्क्रीन, ध्वनि प्रणाली, स्वागत एवं पंजीयन काउंटर, और सुरक्षा प्रबंध जैसे बिंदुओं पर ध्यान दिया जा रहा है।
सम्मान और प्रेरणा का अवसर
यह दिवस आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के समर्पण, सेवा और सहयोग को सार्वजनिक रूप से मान्यता देने का एक महत्वपूर्ण अवसर है। ये महिलाएं गर्भवती महिलाओं, शिशुओं, और कुपोषित बच्चों के लिए जो सेवा करती हैं, वह समाज की आधारभूत संरचना का अभिन्न हिस्सा है।
इस कार्यक्रम में विभिन्न उत्कृष्ट कार्य करने वाली आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को सम्मानित किया जाएगा, साथ ही उनके अनुभव साझा करने हेतु ओपन सेशन भी आयोजित किया जाएगा।
वीसी संवाद: मुख्यमंत्री से सीधा जुड़ाव
मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा प्रदेशभर की आंगनबाड़ी बहनों से अपने विचार साझा करेंगे। वे उनके संघर्ष, सेवा और समर्पण को राज्य सरकार की ओर से सराहना और सम्मान प्रदान करेंगे। यह संवाद आंगनबाड़ी कर्मियों को प्रेरणा देगा और उनकी भूमिका को और अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में एक कदम साबित होगा।
भविष्य की दिशा
इस प्रकार के आयोजनों से आंगनबाड़ी व्यवस्था को मजबूती मिलेगी। साथ ही महिला एवं बाल विकास विभाग की योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन के लिए मैदानी कार्यकर्ताओं का मनोबल भी ऊँचा होगा।
इस अवसर पर जनप्रतिनिधियों, जिला अधिकारियों, महिला संगठनों और एनजीओ प्रतिनिधियों की भी भागीदारी अपेक्षित है।

