किशनगढ़ बास में तालुका विधिक सेवा समिति द्वारा साइबर अपराध पर जागरूकता शिविर आयोजित। पीएलवी सूरजभान कछवाहा ने ऑनलाइन धोखाधड़ी और हैकिंग से बचाव के उपाय बताए।
मिशनसच न्यूज, किशनगढ़ बास।
कस्बे के गंज रोड स्थित गुलाब देवी धर्मशाला के पास तालुका विधिक सेवा समिति किशनगढ़ बास के पीएलवी सूरजभान कछवाहा ने साइबर अपराध से बचाव के लिए कानूनी जागरूकता शिविर का आयोजन किया। इस शिविर का उद्देश्य आमजन, विद्यार्थियों, वरिष्ठ नागरिकों और व्यवसायिक पेशेवरों को साइबर अपराध के खतरों और उनसे बचने के उपायों के बारे में जानकारी देना था।
शिविर का आयोजन राजस्थान विधिक सेवा प्राधिकरण, जयपुर और सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, अलवर के निर्देशानुसार, तथा अध्यक्ष तालुका विधिक सेवा समिति एवं अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश संख्या-02 जगदीश प्रसाद के आदेशानुसार किया गया।
साइबर अपराध की पहचान और प्रकार
सूरजभान कछवाहा ने बताया कि वर्तमान डिजिटल युग में साइबर अपराध तेजी से बढ़ रहे हैं। सामान्य साइबर अपराधों में शामिल हैं:
ऑनलाइन धोखाधड़ी
सोशल मीडिया हैकिंग
फिशिंग ईमेल
फर्जी कॉल्स और ओटीपी फ्रॉड
बचाव के उपाय
उन्होंने उपस्थित लोगों को जागरूक करते हुए बताया कि कुछ सरल कदम अपनाकर साइबर अपराध से बचा जा सकता है:
मजबूत और यूनिक पासवर्ड का इस्तेमाल करें।
दो-स्तरीय प्रमाणीकरण (2FA) सक्रिय करें।
अनजान लिंक या ईमेल अटैचमेंट पर क्लिक न करें।
पब्लिक वाई-फाई का उपयोग करते समय सतर्क रहें।
शिकायत दर्ज करने की प्रक्रिया
साइबर अपराध घटित होने पर तुरंत राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर शिकायत दर्ज की जा सकती है:
हेल्पलाइन नंबर: 1930
वेबसाइट: www.cybercrime.gov.in
जनता में उत्साह और भागीदारी
शिविर में दीपेंद्र सिंह, रविन्द्र कुमार, विकास यादव, अनिल कुमार, बुधराम, कुल्हड़, टीटू सिंह, हरीश कुमार, मनीष कुमार सहित दर्जनों लोग मौजूद रहे। उपस्थित सभी लोगों ने साइबर अपराध से बचाव के उपायों को गंभीरता से सुना और अपने सवाल पूछे।
निष्कर्ष
सूरजभान कछवाहा ने कहा कि जागरूक रहकर हम अपने व्यक्तिगत और वित्तीय डेटा को सुरक्षित रख सकते हैं। इस तरह के शिविर समाज में डिजिटल सुरक्षा की समझ को बढ़ाने में अहम भूमिका निभाते हैं।


