नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने भाजपा सरकार के 2 वर्ष पूरे होने पर कहा कि गेहूं खरीद, नौकरी कैलेंडर, महिला सुरक्षा, शिक्षा और पेट्रोल-डीजल पर दिए गए वादे जुमला साबित हुए हैं। सरकार पर जनविरोधी निर्णयों का आरोप लगाया।
मिशनसच न्यूज, अलवर।
राजस्थान विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने राज्य की भाजपा सरकार के दो वर्ष पूरे होने पर शुक्रवार को जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि दो साल में सरकार की अब तक की “एकमात्र उपलब्धि” यही रही है कि भाजपा के आंतरिक संघर्ष, गुटबाजी और आपसी खींचतान के बावजूद मुख्यमंत्री अपनी कुर्सी बचाने में कामयाब रहे हैं। धरातल पर जनता से किए गए वादों में ज़मीन पर कुछ भी नजर नहीं आता। उन्होंने कहा—“सरकार के संकल्प पत्र के वादे जुमला साबित हुए हैं, जनता अब त्राहिमाम कर रही है।”
गेहूं–बाजरा खरीद और किसानों से जुड़े वादे अधूरे: जूली
श्री जूली ने आरोप लगाया कि भाजपा ने किसानों से कई बड़े-बड़े वादे किए थे, लेकिन दो साल में एक भी वादा पूरा नहीं हुआ।
उन्होंने कहा कि संकल्प पत्र में गेहूं 2,700 रुपये क्विंटल खरीदने का वादा किया गया था, साथ ही बोनस देने का भी आश्वासन था, लेकिन किसानों को आज भी वह भाव नहीं मिल सका।
बाजरा एमएसपी पर खरीद का वादा भी अधूरा है। किसान फसल बेचने के लिए भटक रहे हैं, जबकि सरकार सिर्फ दावे करती नजर आती है।
रोड़ा एक्ट के तहत जमीन नीलाम न होने देने का दावा भी खोखला साबित हुआ। अभी भी कर्जदार किसानों को कुर्की के नोटिस मिल रहे हैं।
“कहां है 2.5 लाख नौकरियों का कैलेंडर?” — जूली का सवाल
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि भाजपा ने 2.5 लाख सरकारी नौकरियां देने और हर भर्ती का एक ‘जॉब कैलेंडर’ जारी करने का वादा किया था।
आज युवा पूछ रहा है कि वह कैलेंडर कहां है?
भर्तियां लंबित हैं, कई परिणाम रुके हुए हैं, और शिक्षा विभाग में ही 1.5 लाख से ज्यादा पद खाली पड़े हैं।
जबकि वादा किया गया था कि एक साल में सभी रिक्त पद भरे जाएंगे।
गरीब बेटियों के लिए KG से PG तक मुफ्त शिक्षा—‘जुमला’ साबित
श्री जूली ने कहा कि भाजपा ने गरीब बेटियों के लिए KG से PG तक मुफ्त शिक्षा देने की बात कही थी, लेकिन वास्तविकता इसके बिल्कुल उलट है।
उन्होंने कहा कि पूर्व सरकार द्वारा दी जा रही स्कूल ड्रेस की राशि ₹1200 को घटाकर सिर्फ ₹600 कर दिया गया और उसमें से भी गरीब जनरल और OBC वर्ग की बेटियों को बाहर कर दिया गया।
पेट्रोल–डीजल पर VAT कम करने का वादा भी भूली सरकार
भाजपा ने चुनाव से पहले पेट्रोल-डीजल पर वैट कम करने और दाम पड़ोसी राज्यों के बराबर करने के बड़े वादे किए थे।
लेकिन दो साल बाद भी राजस्थान में तेल की कीमतें हरियाणा, गुजरात और यूपी से अधिक हैं।
उन्होंने कहा—“कम करना तो दूर, अब तो CNG भी महंगी कर दी गई है।”
महिला सुरक्षा के दावे हवा में — एंटी रोमियो स्क्वॉड नदारद
सरकार ने महिला सुरक्षा के लिए ‘एंटी रोमियो स्क्वॉड’ बनाने की घोषणा की थी, लेकिन जमीनी स्तर पर यह कहीं दिखाई नहीं देता।
उन्होंने कुचामन और अन्य जिलों की हालिया घटनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि अपराधी खुलेआम घूम रहे हैं और महिलाओं की सुरक्षा खतरे में है।
ईआरसीपी पर केंद्र का सौतेला व्यवहार, भाजपा का भ्रमजाल—जूली
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि कांग्रेस सरकार ने ईआरसीपी के लिए बजट दिया था, लेकिन केंद्र ने इसे राष्ट्रीय परियोजना घोषित करने से इनकार कर दिया।
उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार जनता को भ्रमित कर रही है, जमीन पर कोई काम नहीं हो रहा।
“डेमोक्रेसी को ब्यूरोक्रेसी बना दिया”
श्री जूली ने कहा—
“मुख्यमंत्री खुद को पूर्व सरपंच बताते हैं, लेकिन पंचायतीराज के चुनावों पर रोक लगाकर उन्होंने लोकतंत्र को ‘ब्यूरोक्रेसी’ में बदल दिया है। अफसरशाही इतनी हावी है कि जनता की सुनवाई तो दूर, विधायक भी खुद को असहाय महसूस कर रहे हैं।”
जनकल्याण योजनाओं को कमजोर करने का आरोप
उन्होंने कहा कि सरकार ने बदले की भावना से कई महत्वपूर्ण योजनाओं—चिरंजीवी योजना, आरजीएचएस, उड़ान योजना—को कमजोर कर दिया है।
बाड़मेर रिफाइनरी का काम भी धीमा कर दिया गया है, जिससे हजारों लोगों के रोजगार पर असर पड़ा है।
“भाजपा का 70% वादे पूरे करने का दावा—सदी का सबसे बड़ा झूठ”
अंत में श्री जूली ने कहा कि भाजपा सरकार के दावे और हकीकत में जमीन-आसमान का फर्क है।
उन्होंने कहा—
“जनता समझ चुकी है कि यह जुमलों की सरकार है। अंता उपचुनाव इसका ट्रेलर था, पंचायत व निकाय चुनावों में टीजर दिखाई देगा।”

