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    थाईलैंड में मगरमच्छ का मांस खाते अधिकारी का वीडियो वायरल, उज्जैन नगर निगम में हलचल

    उज्जैन। मध्य प्रदेश के धार्मिक शहर उज्जैन से एक बेहद अजीबोगरीब मामला सामने आया है, जहां उज्जैन नगर निगम के एक भवन अधिकारी का थाईलैंड यात्रा के दौरान अपनी पत्नी के साथ मगरमच्छ का मांस खाते हुए वीडियो इंटरनेट मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो के सामने आने के बाद प्रशासनिक गलियारों में हड़कंप मच गया है और आरोपी अधिकारी की मुश्किलें बढ़ती हुई नजर आ रही हैं। वायरल क्लिप में दिखाई दे रहे भवन अधिकारी राजकुमार राठौर पर अब विदेश यात्रा के लिए नगरीय निकाय या शासन से पूर्व अनुमति न प्राप्त करने के गंभीर मामलों में अनुशासनात्मक कार्रवाई करने की पूरी तैयारी की जा रही है। नगर निगम के उच्च अधिकारियों के अनुसार, संबंधित अधिकारी ने कार्यालय से अवकाश के लिए आवेदन तो प्रस्तुत किया था, परंतु अपने आवेदन में इस बात का कोई जिक्र नहीं किया था कि वे देश छोड़कर विदेश यात्रा पर जा रहे हैं।

    सोशल मीडिया पर वायरल हुआ थाईलैंड यात्रा का वीडियो

    सामने आया यह वीडियो उज्जैन नगर निगम के जोन क्रमांक एक, दो और तीन का प्रभार संभाल रहे भवन अधिकारी राजकुमार राठौर का बताया जा रहा है। वायरल हो रहे इस वीडियो फुटेज में अधिकारी अपनी पत्नी के साथ किसी विदेशी रेस्तरां अथवा फूड स्टॉल पर आनंद उठाते नजर आ रहे हैं। इस वीडियो के साथ अंग्रेजी भाषा में एक कैप्शन भी लिखा हुआ है, जिसके माध्यम से यह दर्शाया गया है कि वे थाईलैंड में पहली बार मगरमच्छ के मांस का स्वाद चख रहे हैं। जैसे ही यह वीडियो स्थानीय स्तर से लेकर इंटरनेट मीडिया के विभिन्न मंचों पर प्रसारित हुआ, यह शहर में चर्चा का मुख्य विषय बन गया और आम जनता के साथ-साथ प्रशासनिक महकमे में भी इसकी तीखी आलोचना शुरू हो गई।

    बिना अनुमति विदेश गमन और नियमों के उल्लंघन की जांच

    सरकारी सेवा नियमों के अंतर्गत किसी भी अधिकारी या कर्मचारी को निजी अथवा अधिकारिक कारणों से देश की सीमा से बाहर जाने के लिए सक्षम प्राधिकारी से पूर्व अनुमति लेना अनिवार्य होता है। प्रारंभिक जांच में यह बात स्पष्ट हो चुकी है कि भवन अधिकारी राजकुमार राठौर ने विदेश प्रवास पर जाने से पूर्व शासन अथवा विभाग के उच्चाधिकारियों को इसकी कोई आधिकारिक सूचना नहीं दी थी और न ही इसके लिए कोई विधिवत अनुमति ली थी। प्रशासनिक सूत्रों का कहना है कि नियमों की इस स्पष्ट अवहेलना और आचरण नियमों के विपरीत कार्य करने के चलते अब संबंधित अधिकारी के खिलाफ विभागीय जांच की प्रक्रिया तेज कर दी गई है तथा जल्द ही उनके विरुद्ध कड़ी कार्रवाई देखने को मिल सकती है।

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