स्वच्छता और सांस्कृतिक पर्यटन के प्रति जनजागरूकता का भी सशक्त संदेश दिया
मिशनसच न्यूज,सांगानेर, जयपुर। सांगानेर की ऐतिहासिक धरती पर आयोजित प्रथम क्राफ्ट सिटी दिवस समारोह ने न सिर्फ पारंपरिक शिल्प और संस्कृति को उजागर किया, बल्कि स्वच्छता और सांस्कृतिक पर्यटन के प्रति जनजागरूकता का भी सशक्त संदेश दिया।
इस भव्य आयोजन में बतौर मुख्य अतिथि क्षेत्रीय सांसद श्रीमती मंजू शर्मा ने कहा, “रोजगार करना हमारा अधिकार है, लेकिन स्वच्छ पर्यावरण बनाए रखना हम सबकी साझी जिम्मेदारी है।” उन्होंने सांगानेर की शिल्प परंपराओं और पर्यावरणीय धरोहर को वैश्विक स्तर पर पहचान दिलाने की आवश्यकता बताई। सांसद ने कहा कि ऐसे आयोजन सांस्कृतिक चेतना को बढ़ावा देते हैं और पर्यटन को प्रोत्साहन प्रदान करते हैं।
सांस्कृतिक धरोहर को जोड़ने वाला ‘क्राफ्ट एंड हेरिटेज वॉक’
कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण रहा ‘सांगानेर क्राफ्ट एंड हेरिटेज वॉक’, जिसका उद्देश्य सांगानेर की पारंपरिक प्रिंटिंग, हस्तशिल्प और धरोहर को उजागर करना था। सांसद ने इस पहल की प्रशंसा करते हुए इसे युवाओं को अपनी संस्कृति से जोड़ने वाला कदम बताया और भविष्य में ऐसे आयोजनों की नियमितता पर जोर दिया।
शिल्पकारों के लिए नीति-निर्माण की दिशा में आग्रह
वरिष्ठ राष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्त हाथ ठप्पा शिल्पकार बृज बल्लभ उदयवाल ने सांसद से मांग की कि सांगानेर की पारंपरिक शिल्प इकाइयों का बेसलाइन सर्वे सांसद निधि से कराया जाए। उन्होंने कहा कि यह सर्वे सांगानेर की आर्थिक और सांस्कृतिक योजनाओं के लिए नीति-निर्माण में सहायक सिद्ध होगा।
सांगानेर विकास नागरिक मंच की 40 वर्षों की यात्रा
सांगानेर विकास नागरिक मंच के संरक्षक अशोक स्वामी ने मंच की चार दशकों की यात्रा को साझा करते हुए बताया कि संस्था ने स्वच्छता, पर्यावरण और जनहित के मुद्दों पर निरंतर कार्य किया है। उन्होंने कहा कि क्राफ्ट सिटी दिवस जैसी पहलें इस कार्ययात्रा को जनचेतना से जोड़ने का अवसर बनती हैं। इस अवसर पर मंच की आरती शर्मा ने भी अपनी बात कहीं।
सांगानेर के जननायक राजेंद्र कुम्भज का जन्मदिन भी मनाया
कार्यक्रम को और विशेष बनाते हुए, सांगानेर के लोकप्रिय जननायक राजेंद्र कुम्भज का 78वां जन्मदिवस मनाया गया। वक्ताओं ने उन्हें “सांगानेर की अस्मिता और जनजागरण का प्रतीक” बताते हुए उनके सामाजिक संघर्षों को का अग्रदूत बताया । श्री कुम्भज ने हाथ ठप्पा आंदोलन, पर्यावरण, शिक्षा, श्रमिक संगठनों और धरोहर संरक्षण में महत्त्वपूर्ण योगदान दिया है।
प्रस्ताव: हर वर्ष मनाया जाएगा क्राफ्ट सिटी दिवस
कार्यक्रम के अंत में सर्वसम्मति से एक प्रस्ताव पारित किया गया कि प्रत्येक वर्ष 6 जुलाई को क्राफ्ट सिटी दिवस को स्थायी सांस्कृतिक पर्व के रूप में मनाया जाएगा।
प्रतिभाओं का सम्मान और सांस्कृतिक संध्या
समारोह में कागजी शिल्पकार अबु हसन, वरिष्ठ छीपा माधोलाल उदयवाल, ब्ल्यू पॉटर वीरेंद्र कुमावत समेत अन्य शिल्पियों को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में प्रमुख उद्योगपति कुंज बिहारी तोंनगरिया, शिक्षाविद डॉ. भानुमति गुलराजानिया, प्रो. राजेश चौधरी, श्याम तीर्थांनी, दिनेश छीपा, संतोष धनोपिया, लाजपत राय कुमावत आदि की सहभागिता रही। अंत में प्रसिद्ध गायक पं. जगदीश नारायण शर्मा, तबला वादक प्रेम शर्मा, और हरिहर भट्ट की जुगलबंदी में रिमझिम फुहारों के बीच सांस्कृतिक संध्या ने श्रोताओं को भावविभोर कर दिया।