More
    Homeराज्यछत्तीसगढ़महतारी वंदन योजना से संवर रही पहाड़ी कोरवा परिवारों की तकदीर

    महतारी वंदन योजना से संवर रही पहाड़ी कोरवा परिवारों की तकदीर

    रायपुर :  प्रदेश सरकार की फ्लैगशिप ’महतारी वंदन योजना’ प्रदेश की महिलाओं के लिए न केवल आर्थिक संबल, बल्कि स्वावलंबन का नया आधार बन रही है। विशेष पिछड़ी जनजाति पहाड़ी कोरवा समुदाय की करियो के जीवन में आई खुशहाली लेकर आई है। अम्बिकापुर विकासखण्ड के ग्राम रामनगर की रहने वाली करियो ने योजना से प्राप्त सहायता राशि का सदुपयोग कर न केवल अपना भविष्य संवारा है, बल्कि अपने पूरे परिवार की स्थिति को बेहतर बनाया है।

    योजना की राशि को बनाया आत्मनिर्भरता माध्यम
    करियो बताती हैं कि पहले उनके परिवार की आर्थिक स्थिति चुनौतीपूर्ण थी। दैनिक खर्चों के लिए उन्हें काफी संघर्ष करना पड़ता था। महतारी वंदन योजना के लागू होने के बाद, जब उनके खाते में राशि आनी शुरू हुई, तो उन्होंने इसे घरेलू खर्चों में लगाने के बजाय निवेश का रास्ता चुना। उन्होंने इस राशि को सहेज कर बकरियां खरीदीं और पशुपालन शुरू किया।

    बकरी पालन से मिली आर्थिक मजबूती
    अपनी सफलता साझा करते हुए करियो ने बताया कि मैंने योजना के पैसों से बकरियां खरीदीं और साल भर उनकी देखभाल की। अब मेरे पास छह बकरियां हैं। बकरियां समय-समय पर बच्चे देती हैं, जिससे उनकी संख्या बढ़ती जा रही है। अब मुझे इनसे निरंतर लाभ मिल रहा है और मैंने अपना गुजारा इन्हीं के माध्यम से सुरक्षित कर लिया है।

    परिवार की खुशहाली और बेहतर खान-पान
    आर्थिक स्थिति सुधरने से करियो अब अपने पति और नाती-पोतों की बेहतर देखभाल कर पा रही हैं। वे कहती हैं कि पहले और अब के जीवन में बड़ बड़ा बदलाव आ गया है। अब घर में अच्छा खान-पान है और बच्चों का भविष्य सुरक्षित हुआ है। उन्होंने भावुक होते हुए कहा, यह सब सरकार की मदद से संभव हो पाया है, वरना हमारे लिए यह सब सोच पाना भी कठिन था।

    योजना के लिए जताया आभार
    अपनी और अपने परिवार की बदलती तस्वीर देख करियो ने मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि महतारी वंदन योजना ने उन्हें समाज में सम्मान से जीने का अवसर दिया है। उनके अनुसार, यह योजना ग्रामीण और जनजातीय क्षेत्रों की महिलाओं के लिए किसी वरदान से कम नहीं है।

    latest articles

    explore more

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here