चंडीगढ़। हरियाणा सरकार ने आंतरिक सुरक्षा को मजबूत करने और आतंकवाद से जुड़ी गतिविधियों पर पूरी तरह लगाम लगाने के लिए राज्य में 'एंटी टेररिज्म स्क्वॉड' (एटीएस) के गठन का एक बड़ा फैसला लिया है। इस महत्वपूर्ण और दूरगामी कदम को लेकर सूबे के गृह विभाग द्वारा आधिकारिक अधिसूचना जारी कर दी गई है। सरकारी विज्ञप्ति के अनुसार, राज्य के राज्यपाल की स्वीकृति के बाद अपराध अन्वेषण विभाग (सीआईडी) के अंतर्गत एक अत्यंत विशिष्ट और अत्याधुनिक जांच एजेंसी के रूप में एटीएस काम करेगी। इस नई विंग का मुख्य दायित्व देश विरोधी ताकतों का मुकाबला करना, आतंकी साजिशों को समय रहते नाकाम करना और आतंकवाद से जुड़े मामलों की त्वरित जांच कर उन्हें अंजाम तक पहुंचाना होगा। इस विशेष इकाई की कमान पुलिस महानिरीक्षक (आईजीपी) या उससे उच्च रैंक के वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी के हाथों में होगी, जो सीआईडी प्रमुख के जरिए सीधे पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) को अपनी रिपोर्ट सौंपेंगे।
पंचकूला में बनेगा राज्य स्तरीय मुख्यालय
प्रशासनिक रूप से एटीएस को सुचारू ढंग से संचालित करने के लिए हरियाणा सरकार ने इसका राज्य स्तरीय मुख्य कार्यालय (हेडक्वार्टर) पंचकूला में स्थापित करने का निर्णय लिया है। गृह विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव सुधीर राजपाल के हस्ताक्षर से जारी इस सरकारी आदेश में रेखांकित किया गया है कि एक समर्पित आतंकवाद विरोधी बल के अस्तित्व में आने से राज्य की खुफिया और रणनीतिक क्षमता कई गुना बढ़ जाएगी। यह विशेष बल भविष्य में सामने आने वाली किसी भी प्रकार की सुरक्षा संबंधी अप्रत्याशित चुनौतियों और संकटों का अधिक मुस्तैदी तथा आधुनिक तकनीकों के सहारे मुकाबला करने में पूरी तरह सक्षम होगा।
पंचकूला और गुरुग्राम में खुलेंगे हाईटेक एटीएस थाने
राज्य में आतंकवाद से संबंधित विशिष्ट अपराधों की विधिक जांच और कानूनी प्रक्रिया को गति देने के लिए सरकार ने दो नए 'एंटी-टेररिज्म स्क्वॉड' पुलिस थानों की स्थापना की घोषणा भी की है। गृह मंत्रालय की कार्ययोजना के तहत ये दोनों विशेष थाने पंचकूला और गुरुग्राम जैसे प्रमुख कॉर्पोरेट व प्रशासनिक केंद्रों में स्थापित किए गए हैं। इन थानों में केवल आतंकवाद, राष्ट्र विरोधी गतिविधियों, अवैध हथियारों व फंडिंग से जुड़े मामलों की ही एफआईआर दर्ज की जाएगी और यहां तैनात पुलिसकर्मियों को विशेष रूप से ऐसे जटिल मामलों की तफ्तीश करने के लिए प्रशिक्षित किया जाएगा।
दोनों विशेष थानों का भौगोलिक अधिकार क्षेत्र तय
सरकार ने काम के बेहतर बंटवारे के लिए दोनों एटीएस पुलिस थानों के भौगोलिक कार्यक्षेत्र का स्पष्ट विभाजन कर दिया है। इसके तहत पंचकूला एटीएस थाना मुख्य रूप से राज्य के उत्तरी और पश्चिमी हिस्से के 15 जिलों क्रमशः पंचकूला, अंबाला, कुरुक्षेत्र, यमुनानगर, करनाल, पानीपत, कैथल, हिसार, हांसी, फतेहाबाद, जींद, सिरसा, रोहतक, भिवानी और चरखी दादरी को कवर करेगा। वहीं, दूसरी ओर गुरुग्राम एटीएस थाने के जिम्मे राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) से सटे दक्षिण और पूर्वी हिस्से के 8 जिले सौंपे गए हैं, जिनमें सोनीपत, झज्जर, गुरुग्राम, फरीदाबाद, पलवल, नूंह, रेवाड़ी और महेंद्रगढ़ शामिल हैं। इन निर्धारित जिलों में होने वाली किसी भी संदिग्ध या आतंकी घटना की जांच का सीधा जिम्मा अब इन्हीं थानों के पास होगा।


