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    हनुमानगढ़ छावनी में तब्दील, किसानों का महाआंदोलन तय, 17 दिसंबर का सरकार को अल्टीमेटम

    राजस्थान के हनुमानगढ़ जिले में एथेनॉल फैक्ट्री को लेकर किसानों और प्रशासन के बीच जारी विवाद अब बड़े आंदोलन का रूप ले चुका है | टिब्बी क्षेत्र के राठीखेड़ा गांव में बुधवार को फैक्ट्री के खिलाफ हुई महापंचायत के बाद हालात अचानक बिगड़ गए और देखते ही देखते मामला हिंसक झड़प में बदल गया. इसके बाद से पूरे इलाके में तनाव फैला हुआ है. किसानों ने अब महाआंदोलन का ऐलान कर दिया है |

    दोपहर में किसानों की एथेनॉल फैक्ट्री हटाओ संघर्ष समिति और प्रशासन के बीच वार्ता बिना किसी ठोस नतीजे के खत्म हो गई. किसान तत्काल फैक्ट्री के निर्माण पर रोक के लिए अड़े रहे. इसी के बाद बड़ी संख्या में किसान फैक्ट्री की ओर बढ़ गए और विरोध प्रदर्शन अचानक उग्र हो गया |

    फैक्ट्री परिसर में तोड़फोड़ और आगजनी

    गुस्साए प्रदर्शनकारियों ने ट्रैक्टरों की मदद से निर्माणाधीन फैक्ट्री की चारदीवारी गिरा दी और भीतर घुसकर पत्थरबाजी, तोड़फोड़ और आगजनी शुरू कर दी | कम से कम 10 वाहनों को आग के हवाले कर दिया गया, जिसमें एक जेसीबी, कई कारें, दो मोटरसाइकिलें और एक पुलिस जीप शामिल थी. कई निजी वाहन भी क्षतिग्रस्त हुए |

    पुलिस और प्रदर्शनकारियों में भिड़ंत

    स्थिति काबू से बाहर होती देख पुलिस ने पहले आंसू गैस के गोले दागे और फिर लाठीचार्ज किया. झड़प में संगरिया के कांग्रेस विधायक अभिमन्यु पूनिया घायल हो गए. उन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया. पुलिस के पांच जवान घायल बताए गए हैं और कई प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया गया है |

    इलाका छावनी में तब्दील

    हिंसा के बाद प्रशासन ने एहतियातन टिब्बी और आसपास के गांवों में इंटरनेट सेवाएं बंद कर दीं. स्कूल-कॉलेज, कई बाजार और दुकानें एहतियातन बंद कराए गए हैं | भारी पुलिस बल की तैनाती के बाद पूरा इलाका छावनी में बदल गया है और लगातार पेट्रोलिंग जारी है |

    किसानों का आंदोलन जारी

    संघर्ष समिति ने साफ कहा है कि जब तक फैक्ट्री निर्माण रोकने का लिखित आदेश नहीं मिलता, आंदोलन बंद नहीं होगा. किसानों ने बड़े महाआंदोलन का ऐलान करते हुए 17 तारीख को हनुमानगढ़ कलेक्ट्रेट का घेराव करने की चेतावनी दी है. उनका कहना है कि यह लड़ाई पर्यावरण, भूजल और किसानों की जमीन की सुरक्षा के लिए है. जिला कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक ने बयान जारी कर कहा है कि शांतिपूर्ण बातचीत के लिए वे तैयार हैं, लेकिन हिंसा बर्दाश्त नहीं की जाएगी. दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की बात भी दोहराई गई है |

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