पुणे/निगड़ी: पिंपरी-चिंचवड़ के निगड़ी प्राधिकरण (सेक्टर 26) में प्रशासन और केबल ऑपरेटरों की बड़ी लापरवाही ने एक हंसते-खेलते परिवार की खुशियाँ छीन लीं। सड़क पर मौत का जाल बनकर लटक रहे एक वाई-फाई केबल की वजह से एक महिला को अपनी जान गंवानी पड़ी। इस घटना के बाद स्थानीय नागरिकों में प्रशासन के खिलाफ भारी आक्रोश है।
1. सड़क पर बिछा 'मौत का जाल' और हादसा
50 वर्षीय संपदा पटवर्धन अपने दोपहिया वाहन से जा रही थीं, तभी अचानक सड़क पर नीचे की ओर लटक रही वाई-फाई केबल उनके वाहन में उलझ गई। संतुलन बिगड़ने के कारण वह सड़क पर बेहद बुरी तरह गिरीं और उनके सिर में गंभीर चोट आई। दो दिनों तक अस्पताल में जिंदगी और मौत के बीच जंग लड़ने के बाद, उन्होंने उपचार के दौरान दम तोड़ दिया।
2. अवैध केबलों के जाल पर उठे सवाल
मृतक के परिजनों और स्थानीय निवासियों का सीधा आरोप है कि यह कोई सामान्य दुर्घटना नहीं, बल्कि अवैध रूप से बिछाई गई केबलों का नतीजा है। पिंपरी-चिंचवड़ के कई इलाकों में निजी ऑपरेटरों द्वारा बिना किसी सुरक्षा मानकों के पेड़ों और खंभों के सहारे केबल लटकाए जा रहे हैं, जो अब राहगीरों के लिए जानलेवा साबित हो रहे हैं।
3. पुलिस कार्रवाई और स्थानीय नागरिकों की मांग
वर्तमान में निगड़ी पुलिस ने इसे 'आकस्मिक मृत्यु' (ADR) के तौर पर दर्ज किया है, लेकिन जनता में इस बात को लेकर नाराजगी है। नागरिकों ने मांग की है कि संबंधित केबल ऑपरेटर के खिलाफ 'गैर इरादतन हत्या' का मामला दर्ज किया जाए। लोगों का कहना है कि जब तक दोषियों पर सख्त कार्रवाई नहीं होगी, तब तक शहर की सड़कों पर ऐसे 'अदृश्य फंदे' लटकते रहेंगे।


