मुंबई। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) के भीतर अंदरूनी कलह और मतभेदों की सुगबुगाहट के बीच पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्षा व उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार के सरकारी आवास 'देवगिरी' बंगले पर कोर कमेटी की एक अहम बैठक आयोजित की गई। बैठक में पार्टी के वरिष्ठ नेता प्रफुल्ल पटेल और प्रदेश अध्यक्ष सुनील तटकरे सहित कई प्रमुख पदाधिकारी उपस्थित रहे। शरद पवार नीत एनसीपी (एसपी) की हालिया बैठक के बाद आयोजित इस कोर कमेटी की बैठक के जरिए पार्टी नेतृत्व ने यह स्पष्ट संदेश देने का प्रयास किया है कि संगठन के भीतर पूरी तरह एकजुटता कायम है।
अटकलों और कानूनी नोटिस के बीच महत्वपूर्ण चर्चा
पिछले कुछ समय से पार्टी के भीतर जारी मतभेद, प्रदेश अध्यक्ष सुनील तटकरे को पद से हटाए जाने की चर्चाएं और चुनावी रणनीतिकार प्रशांत किशोर की टीम द्वारा पार्टी की भावी रणनीति पर दी गई प्रस्तुति ने इस बैठक को राजनीतिक रूप से बेहद संवेदनशील बना दिया था। इसके साथ ही, सुनेत्रा पवार के पार्टी अध्यक्ष चुने जाने की प्रक्रिया पर सच्चिदानंद सिंह द्वारा भेजे गए कानूनी नोटिस के मुद्दे पर भी बैठक में विचार-विमर्श हुआ। इन तमाम विवादों के बीच आयोजित इस बैठक को संगठन की भावी दिशा तय करने के लिहाज से काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
दिवंगत नेता के विज़न और संगठन की मजबूती पर बल
बैठक के दौरान उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार ने पार्टी के सभी वरिष्ठ नेताओं और कार्यकर्ताओं से मतभेद भुलाकर एकजुट होने का आह्वान किया। सूत्रों के अनुसार, उन्होंने कहा कि दिवंगत नेता अजित पवार के सपनों और संकल्पों को साकार करने के लिए सभी को एक साथ मिलकर काम करना होगा। उन्होंने नेताओं को निर्देश दिया कि आगामी चुनावों को ध्यान में रखते हुए संगठन की संरचना को जमीनी स्तर पर और अधिक मजबूत व सक्रिय बनाया जाए।


