रायपुर : छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले के भैरमगढ़ विकासखंड के अंतर्गत आने वाले दूरस्थ व अंदरूनी ग्राम जारामोंगिया में बुनियादी सुविधाओं, सड़क, बिजली और सुरक्षा के बेहतर माहौल से ग्रामीणों के जीवन और आजीविका की तस्वीर धीरे-धीरे सकारात्मक बदलाव की ओर बढ़ रही है। भैरमगढ़ विकासखंड में जल जीवन मिशन के तहत जारामोंगिया जैसे दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों में घर-घर नल से नियमित और शुद्ध पेयजल पहुँचाया जा रहा है। इस योजना से ग्रामीणों को दूर-दराज के स्रोतों से पानी लाने की समस्या से बड़ी राहत मिली है।
जल जीवन मिशन से बदली जारामोंगिया की तस्वीर
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की संवेदनशील पहल और जल जीवन मिशन के प्रभावी क्रियान्वयन से बीजापुर जिले के भैरमगढ़ विकासखंड के ग्राम जारामोंगिया में जीवन की तस्वीर बदल गई है। जिला मुख्यालय से लगभग 75 किलोमीटर दूर स्थित इस गांव के 28 परिवारों को अब घर-घर नल से नियमित रूप से शुद्ध पेयजल मिल रहा है।
अब हर घर तक नल से पहुंच रहा है शुद्ध पेयजल
कुछ समय पहले तक गांव के लोग केवल चार हैंडपंपों पर निर्भर थे। पानी भरने के लिए लंबी कतारों में इंतजार करना पड़ता था। गर्मी, बरसात और सर्दी हर मौसम में पानी की समस्या बनी रहती थी। महिलाओं और बच्चों का काफी समय पानी लाने में ही बीत जाता था। जल जीवन मिशन के तहत गांव में 10 केएल क्षमता की सोलर आधारित जल संरचना स्थापित की गई। इसके माध्यम से अब हर घर तक नल से शुद्ध पेयजल पहुंच रहा है। इससे ग्रामीणों की वर्षों पुरानी पेयजल समस्या दूर हो गई है।
योजना का संचालन और रखरखाव बेहतर ढंग से हो
21 मई 2026 को आयोजित जल उत्सव के दौरान ग्रामसभा ने जारामोंगिया को शत-प्रतिशत ‘हर घर जल’ प्रमाणित गांव घोषित किया। इस अवसर पर ग्राम पंचायत की सरपंच श्रीमती पोंदिये पोयम, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के अधिकारी और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे। ग्रामसभा में जल योजना के संचालन, रखरखाव और नियमित जलापूर्ति पर विस्तार से चर्चा की गई। ग्रामीणों ने सर्वसम्मति से पानी समिति के माध्यम से प्रत्येक परिवार से 40 रुपये प्रतिमाह जलकर लेने का निर्णय किया, ताकि योजना का संचालन और रखरखाव बेहतर ढंग से हो सके।
पानी की चिंता पूरी तरह खत्म
ग्रामवासी राजू राम लेकाम बताते हैं कि पहले पानी लाने में बहुत समय और मेहनत लगती थी। अब घर में ही नल से पर्याप्त और साफ पानी मिल जाता है। इससे परिवार की दिनचर्या आसान हुई है और पानी की चिंता पूरी तरह खत्म हो गई है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में जल जीवन मिशन का उद्देश्य हर ग्रामीण परिवार को सुरक्षित और स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराना है। जारामोंगिया की यह कहानी बताती है कि योजनाओं का सही क्रियान्वयन गांवों में जीवन स्तर बदल सकता है। आज यह गांव ग्रामीण पेयजल व्यवस्था का एक प्रेरणादायक उदाहरण बन गया है।


