खुद को फिट और तंदुरुस्त रखने के लिए आज के दौर में युवाओं से लेकर हर उम्र के लोग जिम में पसीना बहा रहे हैं। हालांकि, एक परफेक्ट बॉडी और बेहतर स्टैमिना पाने की होड़ में कई बार लोग अनजाने में कुछ ऐसी शारीरिक गलतियाँ कर बैठते हैं, जो उनकी सेहत पर भारी पड़ सकती हैं। अक्सर देखा गया है कि इंटेंस वर्कआउट (कठिन कसरत) करने के अगले दिन कुछ लोगों को गर्दन में भीषण जकड़न, सिर के पिछले हिस्से में भारीपन या पीठ के ऊपरी हिस्से में दर्द महसूस होने लगता है। अमूमन लोग इसे कसरत के बाद होने वाला सामान्य मांसपेशियों का खिंचाव समझकर इग्नोर कर देते हैं, लेकिन फिटनेस एक्सपर्ट्स के मुताबिक, इसके पीछे कसरत के दौरान होने वाली एक बेहद अनजानी मगर आम आदत जिम्मेदार होती है। आइए जानते हैं क्या है यह गलती और इससे कैसे बचा जाए।
क्या है वह अनजानी गलती जो बढ़ाती है दर्द?
जिम में कसरत के दौरान बहुत से लोग अनजाने में अपने जबड़ों को सिकोड़ लेते हैं और दांतों को आपस में जोर से भींचने या पीसने लगते हैं। यह आदत आमतौर पर तब देखने को मिलती है जब कोई हैवी वेट लिफ्टिंग (भारी वजन उठाना), पुश-अप्स, कोर को मजबूत करने वाला प्लैंक या फिर भारी डेडलिफ्ट जैसी कठिन एक्सरसाइज कर रहा होता है।
दांत भींचने से सिर और गर्दन के दर्द का क्या है कनेक्शन?
तनाव वाला सिर दर्द: एक्सपर्ट्स का कहना है कि जब कोई एक्सरसाइज के दौरान दांतों को कसकर दबाता है, तो जबड़े की मांसपेशियों पर लगातार दबाव बनता है। यह प्रेशर धीरे-धीरे सिर के किनारों पर मौजूद टेम्पोरल मसल्स और गर्दन की नसों तक फैल जाता है। यही वजह है कि वर्कआउट खत्म होने के बाद सिर में भारीपन और माइग्रेन जैसा दर्द शुरू हो जाता है।
गर्दन में अकड़न: हमारे जबड़े और गर्दन का मस्कुलर सिस्टम (मांसपेशियां) आपस में गहराई से जुड़ा हुआ है। दांतों पर अत्यधिक दबाव पड़ने से गर्दन की मांसपेशियां भी जरूरत से ज्यादा सख्त हो जाती हैं। इसके चलते अगले दिन सोकर उठने पर गर्दन को घुमाने में तकलीफ और दर्द का सामना करना पड़ता है।
किन लोगों में होती है यह आदत ज्यादा?
हैवी वेट लिफ्टर्स: जो लोग अपनी क्षमता से अधिक भारी वजन उठाते हैं।
शुरुआती लोग (बिगिनर्स): जो जिम में नए हैं और जिन्हें अभी सही पोस्चर की समझ नहीं है।
तनावग्रस्त लोग: जो मानसिक तनाव या चिंता के चलते अनजाने में ही शरीर को टाइट रखते हैं।
गलत ब्रीदिंग तकनीक वाले: जो कसरत के दौरान अपनी सांस को रोककर रखते हैं।
इस समस्या से बचने के कारगर उपाय
अगर आप भी इस दर्द से निजात पाना चाहते हैं, तो वर्कआउट के दौरान इन बातों का विशेष ध्यान रखें:
जबड़े को ढीला छोड़ें: कसरत करते समय सजग रहें और अपने जबड़े को बिल्कुल रिलैक्स रखें। दोनों दांतों के बीच थोड़ा अंतर बनाए रखें।
सही तरीके से सांस लें: भारी वजन उठाते समय सांस को रोकने के बजाय सही तकनीक से सांस अंदर लें और बाहर छोड़ें। इससे शरीर पर फालतू दबाव नहीं बनता।
ट्रेनर की सलाह लें: यदि आपकी यह आदत खुद से नहीं सुधर रही है, तो अपने जिम ट्रेनर को इस बारे में बताएं ताकि वे एक्सरसाइज के दौरान आपके पोस्चर पर नजर रख सकें।
माउथगार्ड का उपयोग: अगर समस्या गंभीर है और दांत पीसने की आदत नहीं छूट रही है, तो डेंटिस्ट (दंत चिकित्सक) की सलाह पर जिम के लिए कस्टमाइज्ड माउथगार्ड का इस्तेमाल किया जा सकता है।
विशेष नोट: यदि कसरत के बाद बार-बार कानों के पास दबाव, जबड़े में खिंचाव या सिर दर्द की समस्या बनी रहती है, तो इसे केवल थकान न मानें। अपनी इस छोटी सी आदत को सुधारकर आप अपने वर्कआउट को अधिक सुरक्षित और सेहतमंद बना सकते हैं।


