नई दिल्ली : सरकार ने एक बार फिर से देश के नागरिकों से पेट्रोल-डीजल या एलपीजी की पैनिक बायिंग यानी घबराहट में खरीददारी न करने की अपील की है। सरकार ने जारी बयान में कहा है कि अमरीका-ईरान युद्ध के बीच होर्मुज स्ट्रेट के बंद होने से जुड़ी रुकावटों के बावजूद देश में ईंधन की सप्लाई पर्याप्त और सुचारू बनी हुई है। इसमें भरोसा दिलाते हुए कहा गया है कि पेट्रोलियम प्रोडक्ट्स से लेकर कुकिंग गैस तक बिना रुकावट के मिल रही है। रिपोर्ट के मुताबिक, शनिवार को सरकार की ओर से नागरिकों से पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की घबराहट में खरीददारी करने से बचने की अपील की गई।
पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि सरकार पेट्रोलियम उत्पादों और कुकिंग गैस की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए सक्रिय कदम उठा रही है। पैनिक बायिंग से बचने की अपील करने के साथ ही मंत्रालय की ओर से साफ हिदायत दी गई कि सिर्फ आधिकारिक जानकारी पर ही भरोसा करें और ऊर्जा बचाएं। बयान में साफ कहा गया कि सरकार ने घरेलू एलपीजी और पाइप्ड नेचुरल गैस (पीएनजी) की सप्लाई को खासतौर पर घरों, अस्पतालों और अन्य जरूरी सेवाओं के लिए प्राथमिकता पर रखा है। इसके अलावा रिफाइनरी प्रोडक्शन बढ़ाकर डिमांड को मैनेज करने के लिए उपाय लागू किए गए हैं। इनमें एलपीजी रिफिलिंग के बीच के समय को बढ़ाना भी शामिल है। रिपोर्ट में कहा गया है कि तेल-गैस की जमाखोरी और कालाबाजारी के खिलाफ लगातार एक्शन जारी है।
वैध पहचान पत्र दिखाकर मिलेगा पांच किलो का सिलेंडर
सरकार ने प्रवासी मजदूरों और छात्रों को राहत देते हुए उनकी रसोई गैस की जरूरतों को पूरा करने की दिशा में महत्त्वपूर्ण कदम उठाते हुए कहा है कि वे वैध पहचान पत्र दिखाकर एलपीजी वितरक से पांच किलो का सिलेंडर ले सकते हैं, इसके लिए उनके पास पते का प्रमाण पत्र होना जरूरी नहीं है।


