MP News: एक कहावत आपने जरूर सुनी होगी कि “परिंदों के लिए कोई सरहद नहीं होती”, भोपाल का ये गिद्ध इसी कहावत को सच साबित कर रहा है. खबर है कि एमपी की राजधानी भोपाल के हलाली डैम से उड़ान भरने वाला गिद्ध एक हजार से ज्यादा किलोमीटर की यात्रा करते हुए पाकिस्तान पहुंच गया. इस पूरे प्रकरण ने वन्यजीव वैज्ञानिकों और अधिकारियों को उलझन में डाल दिया है.
अचानक जीपीएस ट्रैकिंग सिग्नल बंद
बता दें कि भोपाल का यह गिद्ध वन विहार नेशलन पार्क की निगरानी में था, लेकिन जब अचानक से इसके जीपीएस ट्रैकिंग का सिग्नल 7 अप्रैल 2026 को बंद गया, तो अधिकारी चिंता में पड़ गए. वन विहार के अधिकारियों द्वारा तुरंत इसकी खबर WWF-India को दी गई. ट्रैकिंग दौरान गिद्ध की आखिरी लोकेशन पाकिस्तान मिली थी. बताया जा रहा है कि ये गिद्ध राजस्थान के रास्ते पाकिस्तान के खानेवाल पहुंच गया.
पाकिस्तान में किया गया रेस्क्यू
सिग्नल बंद होने पर वर्ल्ड वाइल्डलाइफ फेडरेशन की इंडिया शाखा ने पाकिस्तान से संपर्क साधा, तब तक इस गिद्ध को पाकिस्तान की वर्ल्ड वाइल्डलाइफ फेडरेशन की शाखा और वन विभाग ने रेस्क्यू कर लिया था. फिलहाल पाकिस्तान के रेस्क्यू सेंटर में गिद्ध का इलाज जारी है.
लाली डैम के पास छोड़ा गया था गिद्ध
गिद्ध को 30 मार्च 2026 को भोपाल और रायसेन जिले के बीच स्थित हलाली डैम के पास छोड़ा गया था. इससे पहले यह घायल अवस्था में मिला था और इलाज के बाद इसे प्राकृतिक आवास में छोड़ा गया था. रिलीज के बाद यह गिद्ध राजस्थान के रास्ते अंतरराष्ट्रीय सीमाएं पार करते हुए 6 अप्रैल 2026 तक पाकिस्तान के खानेवाल जिला पहुंच गया. खानेवाल से भोपाल की दूरी करीब 1274 किलोमीटर है.


