एक पाती अलवर के नाम से जनता से सीधा संवाद, सोशल मीडिया पर मिल रही सराहना
मुकेश सोनी मिशनसच न्यूज, किशनगढ़ बास। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की कैबिनेट में वन एवं पर्यावरण, जलवायु मंत्री व अलवर सांसद भूपेंद्र यादव ने अपने संसदीय क्षेत्र की जनता से जुड़ने के लिए एक अनूठी पहल शुरू की है, जिसे नाम दिया गया है “एक पाती अलवर के नाम”। यह पहल सांसद के फेसबुक पेज से लेकर व्हाट्सएप ग्रुपों तक बड़े उत्साह के साथ पढ़ी जा रही है और क्षेत्र में खासा चर्चा का विषय बनी हुई है।
यह अलवर क्षेत्र की जनता के लिए शुरू की गई एक अभिनव एवं अनुकरणीय पहल है, जिसकी सर्वत्र सराहना हो रही है। लोगों का कहना है कि जनता द्वारा चुने गए किसी जनप्रतिनिधि द्वारा इस प्रकार नियमित पत्र लेखन के माध्यम से सीधा संवाद स्थापित करने की शुरुआत पहली बार देखने को मिली है। यह पहल अलवर क्षेत्र में लोकप्रिय होने के साथ-साथ एक प्रेरणादायक मिसाल भी बन रही है। सांसद की यह “पाती” पढ़कर लोगों को गजल गायक पंकज उधास का प्रसिद्ध गीत “वतन से चिट्ठी आई है…” भी याद आ जाता है।
एक पाती अलवर के नाम पत्र के माध्यम से सांसद भूपेंद्र यादव अपने संसदीय क्षेत्र की जनता के साथ वे सभी जानकारियां साझा करते हैं, जो एक जनसेवक का कर्तव्य होता है। इस पत्र में विकास कार्यों की जानकारी के साथ-साथ युवाओं, आमजन और क्षेत्र से जुड़े हर महत्वपूर्ण विषय को शामिल किया जाता है, जिससे जनता को उनके सांसद द्वारा किए जा रहे कार्यों की नियमित जानकारी मिलती रहे।
13 जनवरी 2026 को केंद्रीय मंत्री एवं अलवर सांसद खैरथल जिला मुख्यालय पर करोड़ों रुपए के विकास कार्यों के शिलान्यास एवं लोकार्पण कार्यक्रम में पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने अपने संबोधन में बताया कि वे पिछले 20 सप्ताह से प्रत्येक सप्ताह फेसबुक पर एक पाती अलवर के नाम लिख रहे हैं और अब तक ऐसा कोई सप्ताह नहीं रहा जब यह पत्र नहीं लिखा गया हो।
उल्लेखनीय है कि अलवर संसदीय क्षेत्र में आठ विधानसभा क्षेत्र आते हैं और सांसद इन सभी क्षेत्रों की जनता के लिए इस पाती के माध्यम से संवाद स्थापित कर रहे हैं। यही कारण है कि यह पत्र जन-जन में पढ़ा जा रहा है और क्षेत्र में जनप्रतिनिधि व जनता के बीच मजबूत संवाद का माध्यम बन गया है।
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