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    नांगलिया में पोषण माह के तहत जागरूकता कार्यक्रम, 30 महिलाओं-बालिकाओं की स्वास्थ्य जांच

    संतुलित आहार और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का दिया संदेश, प्रतिभागियों को पैकेट वाले खाद्य पदार्थों से सावधान रहने की दिलाई शपथ

    सोडावास। पोषण माह के अवसर पर नांगलिया गांव स्थित उप स्वास्थ्य केंद्र में पोषण एवं स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में महिलाओं और बालिकाओं को संतुलित आहार, पौष्टिक भोजन और स्वस्थ जीवनशैली के महत्व के बारे में जानकारी दी गई। इस दौरान 30 महिलाओं एवं बालिकाओं की हीमोग्लोबिन और रक्त शर्करा की जांच भी की गई।

    यह कार्यक्रम चाइल्ड सर्वाइवल इंडिया की ओर से आरोग्यम 2.0 परियोजना के अंतर्गत परनोड रिकार्ड इंडिया फाउंडेशन के सहयोग से आयोजित किया गया।

    संतुलित भोजन को बताया स्वस्थ जीवन का आधार

    कार्यक्रम के दौरान बताया गया कि बच्चों का बेहतर स्वास्थ्य केवल पर्याप्त भोजन मिलने तक सीमित नहीं है। उनके शारीरिक और मानसिक विकास के लिए संतुलित पोषण, नियमित दिनचर्या और स्वस्थ जीवनशैली अपनाना भी जरूरी है।

    महिलाओं एवं बालिकाओं को भोजन में मौजूद विभिन्न आवश्यक पोषक तत्वों तथा उनके महत्व के बारे में जानकारी दी गई। साथ ही घर में आसानी से तैयार किए जाने वाले स्थानीय एवं पौष्टिक भोजन और बाजार में उपलब्ध पैकेट वाले खाद्य पदार्थों के बीच अंतर समझाया गया।

    प्रतिभागियों को दैनिक जीवन में पौष्टिक, संतुलित और प्राकृतिक खाद्य पदार्थों को प्राथमिकता देने के लिए प्रेरित किया गया।

    पैकेट वाले जंक फूड से सावधान रहने की अपील

    जागरूकता कार्यक्रम में प्रतिभागियों को बताया गया कि पैकेट वाले जंक फूड का अत्यधिक सेवन बच्चों और युवाओं के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकता है तथा गैर-संचारी रोगों के जोखिम से जुड़ा हो सकता है।

    कार्यक्रम में भ्रामक विज्ञापनों से सावधान रहने और भोजन का चयन करते समय उसके पोषण संबंधी महत्व को ध्यान में रखने की सलाह दी गई। वक्ताओं ने कहा कि संतुलित आहार शारीरिक विकास के साथ मानसिक विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

    30 महिलाओं एवं बालिकाओं की हुई जांच

    कार्यक्रम के दौरान 30 महिलाओं एवं बालिकाओं ने स्वास्थ्य जांच करवाई। इसमें हीमोग्लोबिन और रक्त शर्करा की जांच की गई। स्वास्थ्य जांच के साथ प्रतिभागियों को पोषण और स्वास्थ्य से जुड़े जरूरी पहलुओं की जानकारी भी दी गई।

    कार्यक्रम में एएनएम प्रवीण देवी, सीएचओ दीपक गुर्जर और आंगनवाड़ी कार्यकर्ता ममता देवी का सहयोग रहा। चाइल्ड सर्वाइवल इंडिया की ओर से सरोज शर्मा और ऋतु की मौजूदगी में कार्यक्रम आयोजित किया गया।

    पौष्टिक भोजन अपनाने की दिलाई शपथ

    कार्यक्रम के समापन पर प्रतिभागियों को पौष्टिक एवं संतुलित भोजन को बढ़ावा देने की शपथ दिलाई गई। साथ ही अपने-अपने घरों में पैकेट वाले जंक फूड के अत्यधिक सेवन से बचने और स्वस्थ खानपान को प्राथमिकता देने का संकल्प कराया गया।

    कार्यक्रम के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि स्वस्थ और पोषित बच्चे ही भविष्य में स्वस्थ परिवार तथा मजबूत समाज के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।

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