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    बारिश से किसानों के खिले चेहरे, बाजारों में जलभराव से बढ़ी परेशानी

    रिमझिम बरसात से खरीफ फसलों को मिला संबल, गर्मी और उमस से राहत; निचले इलाकों में भरा पानी

    लक्ष्मणगढ़। उपखंड क्षेत्र में सोमवार को दिनभर रुक-रुककर हुई रिमझिम बारिश से मौसम सुहावना हो गया। बारिश के बाद खेत-खलिहानों में पर्याप्त नमी आने से किसानों के चेहरे खिल उठे हैं। वहीं तापमान में गिरावट आने से लोगों को भीषण गर्मी और उमस से भी राहत मिली है।

    किसानों ने बताया कि लंबे समय से अच्छी बारिश का इंतजार था। दिनभर हुई बरसात से खेतों में पर्याप्त नमी और पानी पहुंचा है, जिससे खरीफ फसलों की बुवाई में तेजी आने की उम्मीद बढ़ गई है। उनका कहना है कि ज्वार, बाजरा और मक्का जैसी फसलों की वृद्धि के लिए यह बारिश बेहद लाभकारी साबित होगी।

    बारिश के बाद खेतों में पानी भरने से पहले से बोई गई फसलों को भी लाभ मिला है। किसानों का मानना है कि समय पर हुई वर्षा से फसलों की बढ़वार बेहतर होगी और उत्पादन में भी सकारात्मक असर देखने को मिल सकता है।

    दिनभर चली ठंडी हवाओं और रिमझिम बारिश से मौसम खुशनुमा हो गया। लंबे समय बाद लोगों को उमस और गर्मी से राहत मिली, जिससे जनजीवन भी सामान्य नजर आया।

    हालांकि, बारिश ने जहां किसानों के लिए राहत लेकर आई, वहीं बाजार क्षेत्र में जलभराव के कारण व्यापारियों और राहगीरों की मुश्किलें बढ़ गईं। मालाखेड़ा रोड तथा अन्य निचले हिस्सों में पानी भर जाने से लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ा।

    व्यापारियों ने बताया कि दुकानों के सामने पानी भरने से ग्राहकों की आवाजाही प्रभावित हुई, जिससे पूरे दिन कारोबार मंदा रहा। उनका कहना है कि प्रत्येक वर्ष बरसात के मौसम में जल निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण ऐसी स्थिति उत्पन्न होती है।

    बारिश के बाद ग्रामीण क्षेत्रों में कृषि गतिविधियों को गति मिली, जबकि कुछ बाजारों और निचले इलाकों में जलभराव की समस्या भी सामने आई। स्थानीय लोगों ने जल निकासी व्यवस्था को बेहतर बनाने की मांग की है।

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