More
    Homeराजस्थानअलवरलक्ष्मणगढ़ में भागवत कथा के छठे दिन गूंजा रुक्मिणी विवाह प्रसंग, भक्ति...

    लक्ष्मणगढ़ में भागवत कथा के छठे दिन गूंजा रुक्मिणी विवाह प्रसंग, भक्ति में डूबे श्रद्धालु

    खंडेलवाल धर्मशाला में ज्योति शिखा दीदी ने सुनाई कृष्ण-रुक्मिणी विवाह की कथा, भजन-संगीत के बाद हुई महाआरती

    लक्ष्मणगढ़। कस्बे की खंडेलवाल धर्मशाला में पितृपक्ष के अवसर पर चल रही सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा के छठे दिन गुरुवार को रुक्मिणी विवाह प्रसंग का श्रद्धापूर्वक वर्णन किया गया। कथावाचक आराध्या ज्योति शिखा दीदी ने भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं और रुक्मिणी विवाह का प्रसंग सुनाते हुए श्रद्धालुओं को धर्म, प्रेम और भक्ति का संदेश दिया।

    कथा के दौरान भजन-संगीत की प्रस्तुतियां भी हुईं। धार्मिक प्रसंगों के बीच श्रद्धालु भक्ति भाव में डूबे नजर आए। कथा के समापन पर महाआरती की गई और श्रद्धालुओं को प्रसादी वितरित की गई।

    गोपियों की भक्ति और महारास का सुनाया प्रसंग

    कथावाचक ज्योति शिखा दीदी ने श्रीकृष्ण और गोपियों से जुड़े प्रसंग का वर्णन करते हुए बताया कि गोपियों ने भगवान श्रीकृष्ण को पति रूप में पाने की इच्छा प्रकट की थी। भगवान ने उनकी कामना पूरी करने का वचन दिया और शरद पूर्णिमा की रात यमुना तट पर महारास की लीला का प्रसंग सुनाया।

    उन्होंने कहा कि श्रीकृष्ण की बांसुरी की धुन सुनकर गोपियां यमुना तट पर पहुंचीं और भगवान के साथ महारास की दिव्य लीला हुई। कथा में निधिवन से जुड़ी धार्मिक मान्यता का भी उल्लेख किया गया।

    कृष्ण-रुक्मिणी विवाह प्रसंग ने बांधा समां

    रुक्मिणी विवाह का प्रसंग सुनाते हुए कथावाचक ने बताया कि भगवान श्रीकृष्ण विदर्भ की राजकुमारी रुक्मिणी को द्वारका लेकर आए और विधिपूर्वक उनका पाणिग्रहण किया। इस प्रसंग के दौरान श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह दिखाई दिया।

    कथा के साथ भजन-संगीत की प्रस्तुतियों ने माहौल को भक्तिमय बना दिया। श्रद्धालु गोविंद खारवाल ने बताया कि कथा के माध्यम से धर्म, प्रेम और भक्ति का संदेश दिया जा रहा है।

    खंडेलवाल महासभा और सेवा परिवार का सहयोग

    आयोजन में खंडेलवाल महासभा और श्याम हनुमान सेवा परिवार की ओर से सहयोग किया जा रहा है। कथा में खंडेलवाल समाज के अध्यक्ष मदनलाल गुप्ता, नवीन खारवाल, जगदीश गुप्ता खोकर, पार्षद सतीश बसवाल, खेमचंद बैरवा, प्रकाश प्रजापत, सुभाष रोणपुर, डालचंद बैरवा, बाबूलाल बैरवा, मुकेश गुप्ता, लोकेश कुमार, रोशन नकड़ा, सुभाष काठ, लल्लूराम सैनी, पिंटू सैन सहित अनेक व्यापारी और श्रद्धालु मौजूद रहे। बड़ी संख्या में महिलाओं ने भी कथा में भाग लिया।

    मिशनसच न्यूज के लेटेस्ट अपडेट पाने के लिए हमारे व्हाट्सप्प ग्रुप को जॉइन करें।
    https://chat.whatsapp.com/JX13MOGfl1tJUvBmQFDvB1

    अन्य खबरों के लिए देखें मिशनसच नेटवर्क

    https://missionsach.com/category/india

    latest articles

    explore more

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here