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    व्यापारी और अधिकारी अपने ही घरों में सुरक्षित महसूस नहीं कर पा रहे हैं, तो नागरिकों में सुरक्षा की भावना कैसे विकसित होगी

    व्यापारी महासंघ की बैठक में कानून-व्यवस्था पर चिंता, सुरक्षा नहीं सुधरी तो शांतिपूर्ण प्रदर्शन का ऐलान

    अलवर। शहर में लगातार सामने आ रही आपराधिक घटनाओं और बिगड़ती कानून-व्यवस्था को लेकर संयुक्त व्यापारी महासंघ (रजि.), अलवर की आपात बैठक आयोजित की गई। बैठक में व्यापारियों ने शहर की सुरक्षा व्यवस्था पर गहरी चिंता व्यक्त करते हुए प्रशासन से कानून-व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने की मांग की। महासंघ ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि निकट भविष्य में सुरक्षा व्यवस्था में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ तो व्यापारी समाज लोकतांत्रिक एवं शांतिपूर्ण आंदोलन करने के लिए बाध्य होगा।

    महासंघ के अध्यक्ष हरमीत सिंह मेहंदीरत्ता ने कहा कि वरिष्ठ व्यापारी दिनेश चंद खंडेलवाल की हत्या एवं लूट के मामले का पुलिस द्वारा त्वरित खुलासा सराहनीय है। उन्होंने पुलिस की कार्रवाई की प्रशंसा करते हुए कहा कि इसके बावजूद व्यापारियों के मन से भय समाप्त नहीं हुआ है। उनका कहना था कि जिस प्रकार घर में घुसकर इस वारदात को अंजाम दिया गया, उससे पूरे व्यापारी वर्ग में असुरक्षा की भावना गहराई है और व्यापारी खुद को सुरक्षित महसूस नहीं कर रहे हैं।

    बैठक में हाल ही में जीएसटी विभाग के एक असिस्टेंट कमिश्नर के घर में घुसकर डकैती और उनके परिवार को बंधक बनाने की घटना का भी उल्लेख किया गया। महासंघ ने कहा कि यदि व्यापारी और सरकारी अधिकारी अपने ही घरों में सुरक्षित नहीं हैं तो आम नागरिकों में सुरक्षा का भरोसा कैसे कायम रहेगा।

    बैठक में ट्रांसपोर्ट व्यवसाय से जुड़े प्रतिनिधियों ने भी राष्ट्रीय राजमार्गों और शहर में ट्रकों से लगातार माल चोरी की घटनाओं पर चिंता व्यक्त की। महासंघ के मुख्य सलाहकार राजकुमार गोयल और राकेश अरोड़ा ने कहा कि शिकायतों के बावजूद प्रभावी कार्रवाई नहीं होने से ट्रांसपोर्ट व्यवसाय प्रभावित हो रहा है और व्यापारियों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है।

    महासंघ ने प्रशासन से शहर में रात्रिकालीन गश्त बढ़ाने, संवेदनशील क्षेत्रों में पुलिस की निगरानी मजबूत करने तथा व्यापारियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की। पदाधिकारियों का कहना था कि व्यापारियों का विश्वास बहाल करना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है।

    बैठक में महासंघ के महामंत्री रामलाल सैनी, मुख्य सलाहकार राजकुमार गोयल, वरिष्ठ उपाध्यक्ष राकेश शर्मा, कोषाध्यक्ष दयानंद गुप्ता, हरिशंकर अग्रवाल, राकेश अरोड़ा, अजय मेंठी, दीपक अग्रवाल, सुरेश खंडेलवाल, वैद्य पंकज शर्मा सहित बड़ी संख्या में व्यापारी एवं पदाधिकारी मौजूद रहे।

    अंत में अध्यक्ष हरमीत सिंह मेहंदीरत्ता ने कहा कि अलवर का व्यापारी वर्ग भय के माहौल में व्यापार नहीं कर सकता। उन्होंने प्रशासन से व्यापारियों की सुरक्षा के लिए तत्काल प्रभावी कदम उठाने की मांग करते हुए कहा कि यदि जल्द सुधार नहीं हुआ तो संयुक्त व्यापारी महासंघ व्यापारी समाज के साथ शांतिपूर्ण एवं लोकतांत्रिक आंदोलन करेगा, जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।

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