जयपुर।राजस्थान में नशे और संगठित अपराध के खिलाफ गुजरात और महाराष्ट्र एटीएस की कार्रवाई को लेकर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने सवाल खड़े किए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि दूसरे राज्यों की एटीएस टीमों का राजस्थान आकर कार्रवाई करना निश्चित तौर पर “सवालिया निशान” है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि अगर व्यवस्था की रक्षा करने वाली ही व्यवस्था को नुकसान पहुंचाने लगे, तो फिर कुछ भी बचने वाला नहीं है।गुरुवार को जयपुर स्थित राजस्थान पुलिस अकादमी में आयोजित राज्यस्तरीय पुलिस सम्मेलन को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने पुलिस अधिकारियों के सामने यह बात रखी। उन्होंने कहा कि हाल ही में मुंबई एटीएस की टीम ने राजस्थान आकर कार्रवाई की। वहीं गुजरात एटीएस ने जोधपुर और बाड़मेर जिलों में ऑपरेशन चलाया। यह स्थिति यह सोचने पर मजबूर करती है कि आखिर राजस्थान की अपनी एजेंसियां क्या कर रही हैं।मुख्यमंत्री ने कहा, “जैसा हम बोएंगे, वैसा ही काटेंगे। हमें यह सोचना होगा कि आने वाली पीढ़ी कैसी होगी। अगर बाड़ ही खेत को खाएगी, तो फिर बचने के लिए कुछ नहीं रहेगा।” उन्होंने पुलिस अधिकारियों को आत्ममंथन की सलाह देते हुए कहा कि यह समय केवल कार्रवाई का ही नहीं, बल्कि अपने दायित्वों और मूल्यों को याद करने का भी है।सर्विस में आए थे तब क्या सोचा था?
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने पुलिस अधिकारियों से सीधे सवाल करते हुए कहा कि सेवा में आने से पहले सभी ने कुछ सपने देखे थे। उन्होंने कहा, “हम जब इस सेवा में आए थे, तब क्या विचार थे? किस सपने के साथ आए थे? माता-पिता और गुरुजनों के प्रति क्या सम्मान था? हमने उन्हें क्या भरोसा दिलाया था?”सीएम ने कहा कि माता-पिता और गुरुजनों का आशीर्वाद ईश्वर की कृपा से मिला, लेकिन अब यह देखना होगा कि समय के साथ हमारे विचार क्यों बदल गए। अगर बदलाव आया है, तो उसके कारणों को समझना और उन्हें सुधारना बेहद जरूरी है।
गैंगस्टर या तो आएं नहीं, आएं तो जाएं नहीं
मुख्यमंत्री ने राज्य में बढ़ती गैंगस्टर गतिविधियों को लेकर सख्त रुख अपनाया। उन्होंने कहा कि राजस्थान की लंबी अंतरराष्ट्रीय सीमा है और कई अन्य राज्यों से इसकी सीमाएं लगती हैं। दूसरे राज्यों में अपराध करने वाले अपराधी राजस्थान में आकर पनाह लेते हैं, जो सबसे बड़ी चुनौती बनती जा रही है।सीएम ने दो टूक कहा, “गैंगस्टर या तो राजस्थान आएं ही नहीं और अगर आ जाएं तो वापस जा न सकें, यह सुनिश्चित करना होगा।” उन्होंने कहा कि गैंगस्टर राज्य की छवि को नुकसान पहुंचाते हैं और आमजन में डर का माहौल पैदा करते हैं। ऐसे तत्वों के खिलाफ सख्त और निर्णायक कार्रवाई जरूरी है।
सोशल मीडिया पर गैंगस्टर महिमामंडन पर सख्ती
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने संगठित अपराध के साथ-साथ सोशल मीडिया की भूमिका पर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि गैंगस्टर की पोस्ट या वीडियो को सोशल मीडिया पर शेयर करने वालों पर विशेष नजर रखने की जरूरत है। ऐसे लोगों की निगरानी के साथ-साथ उन्हें समझाइश देना भी जरूरी है।उन्होंने कहा कि कई बार छोटी-छोटी सोशल मीडिया पोस्ट बड़ी आपराधिक घटनाओं की वजह बन जाती हैं। किसी घटना के पीछे किसी का हाथ होता है, तो किसी का उकसावा। इसलिए इंटेलिजेंस और सर्विलांस के बीच बेहतर समन्वय जरूरी है।
बीकानेर रेंज में बेहतर काम की जरूरत
मुख्यमंत्री ने बीकानेर रेंज का विशेष रूप से उल्लेख करते हुए कहा कि वहां संगठित अपराध पर लगाम लगाने के लिए और अधिक प्रभावी काम करने की जरूरत है। उन्होंने पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिए कि गैंगवार की घटनाओं पर 100 प्रतिशत नियंत्रण के लिए ठोस रणनीति बनाई जाए।अंत में मुख्यमंत्री ने कहा कि जनता ने जिस विश्वास के साथ सरकार और पुलिस पर भरोसा जताया है, उसे बनाए रखना हम सभी की जिम्मेदारी है। आमजन में विश्वास तभी पैदा होता है, जब अधिकारी समर्पित भाव से राज्य और राष्ट्र की सेवा के लिए तत्पर रहते हैं।

