रायपुर: छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के उरला औद्योगिक क्षेत्र से एक बड़ी दुर्घटना की खबर सामने आई है। यहाँ स्थित एक डामर बनाने वाली फैक्ट्री में शनिवार (13 जून) को अचानक भीषण आग लग गई। इस भयावह हादसे के बाद से पूरे औद्योगिक इलाके में अफरा-तफरी और हड़कंप का माहौल है। घटना की सूचना मिलते ही दमकल विभाग की गाड़ियां और स्थानीय प्रशासन तुरंत मौके पर पहुँचे। आग इतनी विकराल है कि उसे बुझाने के प्रयास लगातार जारी हैं, वहीं फैक्ट्री के भीतर कुछ कर्मचारियों के फंसे होने की आशंका भी जताई जा रही है।
कैसे हुआ यह हादसा?
प्रत्यक्षदर्शियों और प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, यह हादसा उरला स्थित 'पोरवाल ऑयल फैक्ट्री' में घटित हुआ। इस प्लांट में पुराने टायरों को बेहद उच्च तापमान पर पिघलाकर और जलाकर डामर (कोलतार) तैयार करने का काम किया जाता है। शनिवार को काम के दौरान अचानक एक यूनिट ने आग पकड़ ली, जो देखते ही देखते पूरी फैक्ट्री में फैल गई। आग का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि आसमान में काले धुएं का एक विशाल गुबार उठ खड़ा हुआ, जिसे कई किलोमीटर दूर से भी साफ देखा जा सकता था।
राहत और बचाव कार्य युद्ध स्तर पर जारी
राहत की बात यह है कि अब तक इस घटना में किसी भी श्रमिक या कर्मचारी के हताहत होने की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। हालांकि, कुछ मजदूरों के अंदर फंसे होने की खबरों को देखते हुए उरला थाने की पुलिस टीम और फायर ब्रिगेड के जवान युद्ध स्तर पर रेस्क्यू ऑपरेशन चला रहे हैं।
प्रशासनिक अधिकारी फैक्ट्री प्रबंधन के सहयोग से वहां काम करने वाले कर्मचारियों की सूची (अटेंडेंस लिस्ट) तैयार कर रहे हैं, ताकि शिफ्ट में मौजूद सभी लोगों का मिलान किया जा सके। इसके साथ ही अगर कोई लापता है, तो उसकी तलाश के लिए खोजी अभियान चलाया जा रहा है। प्राथमिकता सबसे पहले आग पर पूरी तरह काबू पाने और परिसर को सुरक्षित करने की है।


