नई दिल्ली। कर्नाटक विधान परिषद चुनाव के नतीजों में कांग्रेस को मिली करारी शिकस्त के बाद भारतीय जनता पार्टी ने विपक्षी दल पर तीखा हमला बोला है। भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता और सांसद सुधांशु त्रिवेदी ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए कहा कि इन चुनावों में कांग्रेस पार्टी अपनी उपस्थिति दर्ज कराने में भी पूरी तरह नाकाम साबित हुई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस चुनाव में इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) के बजाय बैलट पेपर और मतपेटियों के जरिए मतदान कराया गया था, लेकिन इसके बावजूद कांग्रेस मतदाताओं का विश्वास हासिल करने में पूरी तरह असफल रही। भाजपा नेता के अनुसार, इन परिणामों ने साबित कर दिया है कि चुनाव चाहे किसी भी माध्यम से हों, विजय प्राप्त करने के लिए जनसमर्थन और मेहनत की ही आवश्यकता होती है।
राहुल गांधी के राजनीतिक रवैये और विदेशी दौरों पर करारा प्रहार
पत्रकारों से चर्चा करते हुए सुधांशु त्रिवेदी ने कांग्रेस के शीर्ष नेता राहुल गांधी के हालिया कार्यशैली पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी लगभग दो सप्ताह का समय विदेश भ्रमण में बिताने के बाद वापस लौटे हैं और अब देश में ऐसे आंदोलनों को हवा देने का प्रयास कर रहे हैं, जिससे भारतीय अर्थव्यवस्था के सामने गंभीर चुनौतियाँ खड़ी हो सकती हैं। भाजपा सांसद ने तंज कसते हुए कहा कि जनसमर्थन और राजनीतिक जनाधार लगातार धरातल पर मेहनत करने से हासिल होता है, न कि छुट्टियां बिताने और घूमने-फिरने से। उन्होंने तुलना करते हुए कहा कि जहाँ भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष और गृह मंत्री देश के विभिन्न राज्यों में पार्टी संगठन को मजबूत करने में जुटे थे, वहीं विपक्षी नेता वियतनाम के दौरे पर थे। उन्होंने कांग्रेस को धरातलीय राजनीति पर ध्यान देने की सलाह दी।
विधान परिषद चुनावी परिणामों और कांग्रेस के दावों की हवा
भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि राहुल गांधी और कांग्रेस पार्टी लगातार देश की निष्पक्ष निर्वाचन प्रक्रिया पर मनगढ़ंत आरोप लगाते आए हैं, लेकिन विधान परिषद के इन ताजा नतीजों ने उनके तमाम दावों की हवा निकाल दी है। उन्होंने रेखांकित किया कि कर्नाटक की चार विधान परिषद सीटों पर हुए चुनाव में भारतीय जनता पार्टी ने अपनी तीन सीटों पर शानदार जीत बरकरार रखी, जबकि भाजपा के समर्थन से जनता दल (सेक्युलर) ने चौथी सीट पर विजय हासिल की। इस तरह विभिन्न राज्यों के विधान परिषद चुनावों में भी कांग्रेस अपना कोई प्रभाव छोड़ने में पूरी तरह विफल रही है।
संवैधानिक संस्थाओं के अपमान और सोशल मीडिया पोस्ट पर घेरा
प्रेस वार्ता के दौरान भाजपा सांसद ने केरल कांग्रेस द्वारा भारत के मुख्य न्यायाधीश (सीजेआई) के संबंध में सोशल मीडिया पर की गई एक आपत्तिजनक टिप्पणी का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया। उन्होंने इस पोस्ट को अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण और देश की सर्वोच्च न्यायपालिका का अपमान करार दिया, जिसके लिए बाद में केरल कांग्रेस को बिना शर्त माफी मांगनी पड़ी। त्रिवेदी ने आरोप लगाया कि संवैधानिक संस्थाओं और शीर्ष पदों का अनादर करना कांग्रेस की पुरानी आदत रही है। उन्होंने पूर्व में तेलंगाना कांग्रेस द्वारा केंद्रीय गृह मंत्री के संपादित वीडियो साझा किए जाने का उदाहरण देते हुए कहा कि जो पार्टी हमेशा संवैधानिक ढांचों पर सवाल उठाती है, उसे अब अपनी हरकतों के कारण देश की शीर्ष अदालत के समक्ष माफी मांगनी पड़ रही है।


