More
    Homeराजस्थानजयपुरहनुमानगढ़ में आज किसान महापंचायत, इंटरनेट सेवाएं बंद

    हनुमानगढ़ में आज किसान महापंचायत, इंटरनेट सेवाएं बंद

    जयपुर। राजस्थान के हनुमानगढ़ जिले के संगरिया कस्बे में बुधवार को किसान महापंचायत आयोजित की जा रही है। राठीखेड़ा (हनुमानगढ़) में ड्यून एथेनॉल प्राइवेट लिमिटेड फैक्ट्री के विरोध में हो रही इस महापंचायत को लेकर किसान नेताओं और समर्थकों का संगरिया पहुंचना शुरू हो गया है। कुछ ही देर में धान मंडी में महापंचायत की औपचारिक शुरुआत होने वाली है। महापंचायत में हनुमानगढ़ और श्रीगंगानगर जिले के किसानों के साथ-साथ हरियाणा और पंजाब से भी बड़ी संख्या में किसान शामिल हो रहे हैं।महापंचायत को देखते हुए प्रशासन और सरकार पूरी तरह अलर्ट मोड में है। शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए संगरिया की राजस्व सीमाओं में धारा 163 लागू कर दी गई है। इसके तहत पांच से अधिक व्यक्तियों के एकत्रित होने पर रोक लगाई गई है। साथ ही हथियार, लाठी या किसी भी तरह की अनधिकृत सभा पर प्रतिबंध लगाया गया है। धार्मिक स्थलों का उपयोग बैठक या सभा के लिए नहीं करने के निर्देश भी जारी किए गए हैं।

    किसान स्मारक पर श्रद्धांजलि, लगे ‘लाल सलाम’ के नारे

    महापंचायत से पहले किसानों ने संगरिया नगर परिषद कार्यालय परिसर में बने किसान स्मारक पर पहुंचकर शहीद किसानों को श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान किसानों ने ‘लाल सलाम’, ‘जब तक सूरज चांद रहेगा, शहीद किसानों का नाम रहेगा’ जैसे नारे लगाए। किसान नेताओं ने कहा कि संगरिया में वर्ष 1970 के आंदोलन के शहीदों को हर साल 7 जनवरी को श्रद्धांजलि दी जाती है और इस बार उसी दिन महापंचायत आयोजित की जा रही है।

    उग्राहां के नेतृत्व में पहुंचा किसानों का जत्था

    किसान नेता जोगिंदर सिंह उग्राहां के नेतृत्व में किसानों का बड़ा जत्था संगरिया स्थित धान मंडी महापंचायत स्थल पर पहुंच चुका है। उग्राहां इससे पहले भी हनुमानगढ़ में हुई महापंचायत में शामिल हो चुके हैं। उनके साथ पहुंचे किसानों के हाथों में संघर्ष समिति के झंडे थे और कई किसानों ने सिर पर पीली पगड़ी बांध रखी थी। किसान नेताओं के अनुसार, महापंचायत में बड़ी संख्या में किसानों के शामिल होने की संभावना है।

    प्रशासन सख्त, चारों ओर बैरिकेडिंग

    महापंचायत को लेकर प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं। मंगलवार रात से ही संगरिया कस्बे के चारों प्रमुख प्रवेश मार्गों पर बैरिकेडिंग कर दी गई है। रतनपुरा कैंची, नाथवाना, भगतपुरा पुलिया और ग्रामीण कॉलेज चौटाला रोड नहर पुलिया पर पुलिस की नाकाबंदी है। बाहरी क्षेत्रों से आने वाले लोगों और वाहनों को जांच के बाद ही कस्बे में प्रवेश दिया जा रहा है। पुलिस और प्रशासन टिब्बी की पूर्व घटना से सबक लेते हुए किसी भी तरह की चूक नहीं करना चाहता।

    ट्रैफिक और पार्किंग की विशेष व्यवस्था

    महापंचायत के मद्देनजर यातायात और पार्किंग के लिए भी विशेष व्यवस्था की गई है। वाहनों की पार्किंग के लिए कृषि विज्ञान केंद्र भगतपुरा रोड, एसडीएम कार्यालय के पास टैक्सी स्टैंड, नाथवाना रोड और मीरा कॉलेज के पास स्थान निर्धारित किए गए हैं। नई धान मंडी में आवागमन के लिए कुल 8 रास्ते तय किए गए हैं, जबकि दक्षिणी दिशा में मंडी समिति के पास स्थित दोनों गेट बंद रखे गए हैं।

    इंटरनेट सेवाएं अस्थायी रूप से बंद

    संभावित तनाव और अफवाहों को रोकने के लिए प्रशासन ने इंटरनेट सेवाएं अस्थायी रूप से बंद कर दी हैं। अतिरिक्त संभागीय आयुक्त, बीकानेर ने हनुमानगढ़ जिला कलेक्टर के प्रस्ताव पर आदेश जारी करते हुए संगरिया तहसील और उसके 10 किलोमीटर के दायरे में मंगलवार शाम 6 बजे से 30 घंटे के लिए इंटरनेट बंद करने के निर्देश दिए हैं। यह प्रतिबंध 6 जनवरी शाम 6 बजे से 7 जनवरी रात 11:59 बजे तक लागू रहेगा। प्रशासन के अनुसार, आगामी गतिविधियों और संभावित भीड़ के कारण शांति भंग होने की आशंका को देखते हुए यह कदम उठाया गया है।

    किसानों की प्रमुख मांगें

    किसानों की मुख्य मांगों में टिब्बी क्षेत्र में प्रस्तावित एथेनॉल केमिकल फैक्ट्री के एमओयू को रद्द करना शामिल है। इसके अलावा टिब्बी में पुलिस के साथ हुए टकराव के बाद किसानों के खिलाफ दर्ज किए गए मुकदमों को वापस लेने की भी मांग की जा रही है। किसान नेताओं का कहना है कि जब तक उनकी मांगों पर ठोस निर्णय नहीं लिया जाता, आंदोलन जारी रहेगा।प्रशासन ने किसान नेताओं से अपील की है कि वे शांतिपूर्ण ढंग से कार्यक्रम आयोजित करें। वहीं, प्रशासनिक अधिकारी लगातार मौके पर मौजूद रहकर व्यवस्थाओं और सुरक्षा स्थिति की निगरानी कर रहे हैं।

    latest articles

    explore more

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here