नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की अगले महीने एक बेहद महत्वपूर्ण मुलाकात हो सकती है। दोनों वैश्विक नेताओं के बीच यह मुलाकात फ्रांस में आयोजित होने वाले जी7 (G7) शिखर सम्मेलन के दौरान होने की संभावना है। यह सम्मेलन आगामी 15 से 17 जून तक फ्रांस के खूबसूरत शहर एवियन-लेस-बैंस (Évian-les-Bains) में आयोजित किया जा रहा है। कूटनीतिक नजरिए से यह बैठक बेहद खास मानी जा रही है, क्योंकि पिछले 16 महीनों से भी अधिक समय में यह पहली बार होगा जब पीएम मोदी और राष्ट्रपति ट्रंप आमने-सामने बैठकर किसी द्विपक्षीय और वैश्विक मुद्दे पर चर्चा करेंगे।
जी7 बैठक में शामिल होने फ्रांस जाएंगे पीएम मोदी
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस हाई-प्रोफाइल जी7 शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने के लिए फ्रांस की आधिकारिक यात्रा पर जाने वाले हैं। फ्रांस के विदेश मंत्रालय ने हाल ही में एक बयान जारी कर पीएम मोदी के इस दौरे की पुष्टि की है। इस आधिकारिक बयान में भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर और फ्रांस के यूरोप व विदेश मामलों के मंत्री जीन-नोएल के बीच हुई हालिया बातचीत का ब्यौरा साझा किया गया है, जिसमें दोनों देशों के मजबूत होते रिश्तों और वैश्विक प्राथमिकताओं पर चर्चा की गई थी।
भारत को विशेष भागीदार के रूप में मिला आमंत्रण
दोनों देशों के विदेश मंत्रियों के बीच यह महत्वपूर्ण बातचीत फ्रांस में आयोजित जी7 देशों के विदेश मंत्रियों की बैठक के दौरान हुई। फ्रांस सरकार द्वारा जारी आधिकारिक विज्ञप्ति के अनुसार, दोनों नेताओं ने इस बात पर प्रसन्नता व्यक्त की कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एवियन शिखर सम्मेलन में शामिल होने के फ्रांस के निमंत्रण को स्वीकार कर लिया है। इसे ध्यान में रखते हुए दोनों मंत्रियों ने जी7 के वैश्विक कार्यों और नीतियों में भारत के महत्वपूर्ण योगदान की सराहना की। उल्लेखनीय है कि भारत जी7 समूह का स्थायी सदस्य नहीं है, फिर भी वैश्विक मंच पर भारत की मजबूत स्थिति और महत्ता को देखते हुए फ्रांस ने उसे एक विशेष भागीदार देश (गेस्ट कंट्री) के रूप में इस सम्मेलन में शामिल होने के लिए विशेष रूप से आमंत्रित किया है।


