जयपुर: दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्र-छात्राओं पर हुई पुलिस कार्रवाई के विरोध में गुरुवार को राजस्थान की राजधानी जयपुर का जवाहर सर्किल युवाओं के भारी आक्रोश का गवाह बना। हाथों में बैनर और विरोध दर्ज कराती तख्तियां थामे हजारों की संख्या में छात्र और युवा केंद्र व राज्य सरकार के खिलाफ हुंकार भरने सड़कों पर उतर आए। इस बड़े प्रदर्शन में महिलाओं और छात्राओं की भी जबरदस्त भागीदारी देखने को मिली, जिसके कारण जवाहर सर्किल और आसपास की प्रमुख सड़कों पर ट्रैफिक व्यवस्था पूरी तरह लड़खड़ा गई।
केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे और पुलिस अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग
आक्रोशित प्रदर्शनकारियों ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के तुरंत इस्तीफे की मांग को लेकर जमकर नारेबाजी की। छात्रों का कहना था कि दिल्ली में जायज मांगों को लेकर शांतिपूर्ण ढंग से आवाज उठा रहे युवाओं पर लाठीचार्ज करना सरासर अन्याय है। युवाओं ने इस बर्बरता के लिए जिम्मेदार पुलिस अफसरों के खिलाफ तुरंत सख्त दंडात्मक कार्रवाई करने की पुरजोर मांग उठाई।
पेपर लीक पर रोक और पारदर्शी भर्ती परीक्षा प्रणाली की पुरजोर वकालत
दिल्ली की घटना के विरोध के साथ-साथ युवाओं ने स्थानीय स्तर पर रोजगार से जुड़े गंभीर मुद्दे भी उठाए। प्रदर्शनकारियों ने राजस्थान में आयोजित होने वाली तमाम प्रतियोगी परीक्षाओं में पूरी पारदर्शिता बरतने और पेपर लीक जैसी धांधलियों पर सख्त अंकुश लगाने की मांग रखी। इसके साथ ही छात्रों ने बेकाबू होते निजी कोचिंग संस्थानों की मनमानी फीस और कार्यप्रणाली को नियंत्रित करने के लिए कड़े नियम लागू करने पर जोर दिया।
पुलिस बल की समझाइश के बाद देर रात शांत हुआ हंगामा
सड़क पर हजारों युवाओं के अचानक जमा होने की खबर मिलते ही जवाहर सर्किल थाना पुलिस और अतिरिक्त पुलिस अमला मौके पर तैनात कर दिया गया। वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने प्रदर्शनकारी छात्र नेताओं से बातचीत कर यातायात सुचारू रखने और शांतिपूर्ण तरीके से ज्ञापन सौंपने की अपील की। शुरुआती दौर में छात्र अपनी मांगों को लेकर अड़े रहे और देर रात तक धरना जारी रखा, लेकिन बाद में आला पुलिस अफसरों के ठोस आश्वासन और समझाइश के बाद युवाओं ने प्रदर्शन समाप्त किया।
जयपुर के बाद जोधपुर, कोटा और अजमेर तक फैली आंदोलन की आग
दिल्ली के जंतर-मंतर और मुंबई के शिवाजी पार्क में छात्रों पर हुए बल प्रयोग की गूंज अब पूरे राजस्थान में महसूस की जा रही है। राजधानी जयपुर में शुरू हुए इस विरोध प्रदर्शन का दायरा अब तेजी से बढ़ता जा रहा है। जोधपुर, कोटा और अजमेर जैसे प्रमुख शैक्षणिक शहरों में भी विभिन्न छात्र संगठनों ने एकजुट होकर मोर्चा खोल दिया है, जिससे प्रदेश भर में छात्र आंदोलन के और अधिक उग्र होने के आसार बन गए हैं।


