लखनऊ: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शुक्रवार को पश्चिमी उत्तर प्रदेश के एक दिवसीय सघन चुनावी व विकास दौरे पर रहेंगे। इस दौरान वे शामली और बिजनौर जनपदों में विशाल जनसभाओं को संबोधित करेंगे और क्षेत्र की जनता को अरबों रुपये की विकास परियोजनाओं का बड़ा उपहार देंगे। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, मुख्यमंत्री शामली में 617.70 करोड़ रुपये की कुल 90 विकास परियोजनाओं का भव्य लोकार्पण और शिलान्यास करेंगे, जबकि इसके बाद वे बिजनौर रवाना होकर वहां भी कई लोक-कल्याणकारी कार्यों का शुभारंभ करेंगे। मुख्यमंत्री के इस हाई-प्रोफाइल दौरे को देखते हुए दोनों ही जिलों का प्रशासनिक अमला पूरी तरह अलर्ट मोड पर है और सुरक्षा के अभेद्य इंतजाम किए गए हैं।
शामली को मिलेगी 617.70 करोड़ की 90 जनकल्याणकारी परियोजनाओं की सौगात
मुख्यमंत्री का हेलीकॉप्टर सुबह 11:35 बजे शामली के ऊंचागांव स्थित पीएसी (PAC) परिसर के नवनिर्मित हेलीपैड पर लैंड करेगा। यहाँ आगमन के तुरंत बाद वे नई पीएसी वाहिनी के भवन व व्यवस्थाओं का स्थलीय निरीक्षण करेंगे। इसके पश्चात, वे सीधे विजय सिंह पथिक राजकीय महाविद्यालय के प्रांगण में पहुंचेंगे, जहां वे एक विशाल जनसभा को संबोधित करने के साथ ही 617.70 करोड़ रुपये की 90 विकास परियोजनाओं का बटन दबाकर लोकार्पण एवं शिलान्यास करेंगे।
परियोजनाओं का विस्तृत विवरण इस प्रकार है:
लोकार्पण कार्य: कुल 263.98 करोड़ रुपये की लागत से बनकर तैयार हुईं 48 महत्वपूर्ण परियोजनाओं का जनता को समर्पण।
शिलान्यास कार्य: कुल 353.72 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत वाली 42 नई महत्वाकांक्षी परियोजनाओं की आधारशिला।
मुख्य आकर्षण: इन विकास कार्यों में ग्रामीण पेयजल योजनाएं, जिला मुख्यालय का प्रस्तावित भव्य कलेक्ट्री भवन, प्रमुख सड़कों का चौड़ीकरण व सुदृढ़ीकरण, राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान, अत्याधुनिक छात्रावास, सार्वजनिक स्वास्थ्य प्रयोगशाला (पब्लिक हेल्थ लैब) तथा अन्य नागरिक सुविधाएं शामिल हैं।
बिजनौर में भी गरजेगा मुख्यमंत्री का संबोधन, गाजियाबाद के लिए होंगे रवाना
बिजनौर आगमन: शामली के कार्यक्रमों को सफलतापूर्वक संपन्न करने के बाद मुख्यमंत्री दोपहर 1:40 बजे हेलीकॉप्टर द्वारा बिजनौर पुलिस लाइन के हेलीपैड पर पहुंचेंगे।
विकास योजनाओं की झड़ी: तय कार्यक्रम के मुताबिक, वे दोपहर 2:25 बजे शहर के प्रतिष्ठित वर्धमान कॉलेज के मैदान में पहुंचेंगे, जहां वे बिजनौर और चांदपुर विधानसभा क्षेत्रों के लिए विशेष रूप से तैयार विकास परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास करेंगे। इस दौरान वे एक बड़ी जनसभा के माध्यम से जनता से सीधा संवाद भी करेंगे। बिजनौर के विकास कार्यों को गति देने के बाद मुख्यमंत्री शामली और बिजनौर से सीधे गाजियाबाद के लिए प्रस्थान कर जाएंगे।
चप्पे-चप्पे पर सुरक्षा का कड़ा पहरा, रूट डायवर्जन के कारण यातायात रहेगा प्रभावित
सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम: मुख्यमंत्री के इस महत्वपूर्ण दौरे को देखते हुए शामली और बिजनौर दोनों ही सीमावर्ती जिलों में सुरक्षा व्यवस्था को बेहद चाक-चौबंद किया गया है। केवल बिजनौर जनपद में ही सुरक्षा की कमान संभालने के लिए करीब ढाई हजार (2500) से अधिक पुलिसकर्मियों और अर्धसैनिक बलों की तैनाती की गई है। कई वरिष्ठ आईपीएस (IPS) और प्रशासनिक अधिकारी खुद सुरक्षा घेरे की कमान संभाले हुए हैं।
यातायात में बदलाव: भारी भीड़ और वीवीआईपी मूवमेंट को ध्यान में रखते हुए शहरी क्षेत्रों में व्यापक रूट डायवर्जन लागू किया गया है। जनसभा स्थलों की ओर जाने वाले कई प्रमुख मार्गों पर आम वाहनों की आवाजाही को पूरी तरह प्रतिबंधित कर दिया गया है। स्थानीय पुलिस प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि वे परेशानी से बचने के लिए वैकल्पिक और लिंक मार्गों का ही प्रयोग करें।
सड़कों का कायाकल्प और वीवीआईपी प्रोटोकॉल के तहत विशेष व्यवस्थाएं
मुख्यमंत्री के आगमन से ठीक पहले दोनों जिलों के लोक निर्माण विभाग और नगर पालिका की टीमों ने दिन-रात काम करके सड़कों की मरम्मत, पैचवर्क, साफ-सफाई, मजबूत बैरिकेडिंग, निर्बाध पेयजल आपूर्ति और आपातकालीन चिकित्सा व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दिया है। मुख्यमंत्री के तय काफिले के सभी संभावित मार्गों और कार्यक्रम स्थलों को विशेष तौर पर सजाया और संवारा गया है।
बिजनौर: मुख्यमंत्री की सुरक्षा और प्रशासनिक व्यस्तता के मद्देनजर जिला कारागार बिजनौर में शुक्रवार को एक बड़ा फैसला लिया गया है। जेल प्रशासन ने शुक्रवार को बंदियों से उनके परिजनों, रिश्तेदारों और अधिवक्ताओं की होने वाली सामान्य मुलाकात (मिलाप) को पूरी तरह से स्थगित कर दिया है। जेल अधिकारियों ने लोगों से सहयोग की अपील करते हुए अनुरोध किया है कि वे इस असुविधा को समझें और निर्धारित की जाने वाली अगली तारीख पर ही बंदियों से मिलने के लिए कारागार परिसर में आएं।


