महापौर संग बातचीत के बाद बाजार सजाने और सामान लाने की बनी सहमति
अलवर। दीपावली से पहले बाजार में दुकानें सजाने और अतिरिक्त सामान रखने को लेकर नगर निगम और व्यापारियों के बीच विवाद खड़ा हो गया। बुधवार सुबह नगर निगम की टीम ने दुकानें खुलने से पहले ही व्यापारियों के चालान काट दिए। इस कार्रवाई से नाराज व्यापारियों ने मौके पर विरोध जताते हुए हंगामा किया। इसके बाद बड़ी संख्या में व्यापारी नगर निगम कार्यालय पहुंचे और महापौर से मुलाकात कर अपनी परेशानी बताई।
त्योहारी सीजन में कार्रवाई से नाराजगी
व्यापारियों ने महापौर के सामने अपना पक्ष रखते हुए कहा कि दीपावली साल का सबसे बड़ा व्यापारिक सीजन है। व्यापारी पूरे साल इस त्योहार का इंतजार करते हैं और ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए दुकानों को सजाने के साथ अतिरिक्त सामान भी रखते हैं। ऐसे समय में दुकान खुलने से पहले ही नगर निगम की ओर से रसीद काटने की कार्रवाई करना उचित नहीं है।
व्यापारियों और महापौर के बीच काफी देर तक बातचीत हुई। व्यापारियों ने प्रशासन से त्योहार के समय उनकी व्यापारिक जरूरतों और रोजी-रोटी का ध्यान रखने की मांग की।
केडलगंज में बैठक के बाद बनी सहमति
इसके बाद शहर के केडलगंज क्षेत्र में व्यापारियों की बैठक आयोजित हुई। व्यापारी राजकुमार गोयल ने बताया कि दीपावली पर व्यापारी बाजार सजाते हैं और ग्राहकों की सुविधा के लिए अतिरिक्त सामान भी रखते हैं। ऐसे में नगर निगम प्रशासन को व्यापारियों की परेशानियों को समझना चाहिए।
राजकुमार गोयल के अनुसार, महापौर और व्यापारियों के बीच बातचीत के बाद सहमति बन गई है। अब जिन व्यापारियों का सामान बाजार में है, उन्हें अपना सामान लाने की अनुमति दी जाएगी। इस सहमति के बाद फिलहाल विवाद शांत हो गया है और व्यापारियों ने राहत की सांस ली है।
व्यापारियों का कहना है कि वे भी शहर को जाम मुक्त और व्यवस्थित बनाने में प्रशासन का सहयोग करना चाहते हैं, लेकिन त्योहार के समय व्यापारिक गतिविधियों को लेकर व्यावहारिक व्यवस्था होनी चाहिए। फिलहाल महापौर से बातचीत के बाद व्यापारियों को राहत मिली है।
मिशनसच न्यूज के लेटेस्ट अपडेट पाने के लिए हमारे व्हाट्सप्प ग्रुप को जॉइन करें।
https://chat.whatsapp.com/JX13MOGfl1tJUvBmQFDvB1
अन्य खबरों के लिए देखें मिशनसच नेटवर्क


