More
    Homeराज्यछत्तीसगढ़मनोविकास केंद्र के 5 छात्रों का पर्पल फेस्ट 2025 के लिए हुआ...

    मनोविकास केंद्र के 5 छात्रों का पर्पल फेस्ट 2025 के लिए हुआ चयन, कलेक्टर ने दी शुभकामनाएं

    रायपुर :  मनोविकास केन्द्र बलौदाबाजार के 5 विद्यार्थियों का चयन प्रतिष्ठित पर्पल फेस्ट 2025 में भाग लेने के लिए हुआ है। यह आयोजन  9 से 12 अक्टूबर 2025 तक गोवा मे  किया जा रहा है।  फेस्ट में हिस्सा लेने  गोवा रवाना होने से पहले गुरुवार को कलेक्टर दीपक सोनी से चयनित बच्चों ने मुलाक़ात की। कलेक्टर सोनी ने मनोविकास केंद्र के बच्चों का फेस्ट के लिए चयन होने पर जिले के लिए बड़ी उपलब्धि बताते हुए उन्हें शुभकामनायें दी।

    मनोविकास केन्द्र  के नोडल अधिकारी आशा शुक्ला ने बताया कि केंद्र के छात्र  कुलदीप निर्मलकर, तुषार सेन पुष्कर कुमार साहू,लोकेश कुमार वर्मा एवं किशन यादव का चयन पर्पल फेस्ट 2025 में भाग लेने के लिए हुआ है। इनके साथ  योग शिक्षक ललित कुमार साहू तथा केन्द्र प्रमुख दुर्गा शंकर पटनायक भी कार्यक्रम में सम्मिलित होंगे।चयनित विद्यार्थी मनोविकास केन्द्र एवं बलौदाबाजार-भाटापारा जिले का प्रतिनिधित्व करते हुए 15 मिनट का योग प्रदर्शन प्रस्तुत करेंगे जो दिव्यांगजनों की क्षमताओं और समावेशन की भावना को उजागर करेगा। यह भागीदारी मनोविकास पहल और  जिला प्रशासन के लिए गर्व का क्षण होग़ा तथा इन विद्यार्थियों को अंतर्राष्ट्रीय  स्तर पर पहचान और अनुभव प्रदान करेगी।

    पर्पल फेस्ट 2025 को दिव्यांगजनों की रचनात्मकता, प्रतिभा और सशक्तिकरण के एक जीवंत उत्सव के रूप में देखा जा रहा है। यह आयोजन भारत सरकार के दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग,गोवा सरकार के राज्य आयुक्त, दिव्यांगजन कार्यालय, तथा सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय एवं संयुक्त राष्ट्र भारत के सहयोग से किया जा रहा है।पर्पल फेस्ट का उद्देश्य दिव्यांगजनों के समावेशन, पहुंच और सशक्तिकरण को बढ़ावा देना है। यह महोत्सव समाज में जागरूकता फैलाने, उनकी प्रतिभाओं को प्रदर्शित करने और एक ऐसे समाज के निर्माण की दिशा में कार्य करता है जहां प्रत्येक व्यक्ति को गरिमा और समान अवसरों के साथ जीवन जीने का अधिकार हो।

    उल्लेखनीय है कि कलेक्टर दीपक सोनी के मार्गदर्शन में विशेष आवश्यकता वाले बच्चों के विकास और पुनर्वास हेतु जिला प्रशासन द्वारा बलौदाबाजार में  सीएसआर मद  से मनोविकास केंद्र संचालित किया जा रहा  है। इस केंद्र में 45 से अधिक बच्चों को विशेष शिक्षा, चिकित्सा सहायता, व्यावसायिक प्रशिक्षण और समग्र विकास की सुविधाएं प्रदान किया जा रहा है। यह केंद्र जनवरी 2025 से शुरू हुआ है और अल्प समय मे ही बेहतर परिणाम सामने आने लगा है। विशेष शिक्षा, थेरेपी सेवाएं व्यावसायिक प्रशिक्षण,मनोवैज्ञानिक परामर्श और खेल व सांस्कृतिक गतिविधियां संचालित की जा राही हैं। साथ ही बच्चों को आत्मनिर्भर बनने के लिए कौशल विकास कार्यक्रमों से भी जोड़ा जाता है।

    latest articles

    explore more

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here