कोलंबो। भारतीय क्रिकेट टीम के मुख्य कोच गौतम गंभीर ने टीम के आलोचकों और बाहरी चर्चाओं पर दो टूक जवाब देते हुए साफ किया है कि उनका एकमात्र और मुख्य लक्ष्य देश के लिए ट्रॉफियां जीतना है। श्रीलंका के खिलाफ आगामी टेस्ट सीरीज से पहले प्रेस कॉन्फ्रेंस में बोलते हुए गंभीर ने कहा कि उन्हें सोशल मीडिया के लाइक्स, विचारों या आलोचनाओं की कोई परवाह नहीं है।
ट्रॉफियां जीतना ही एकमात्र लक्ष्य
हालिया प्रदर्शन और आलोचनाओं को लेकर पूछे गए सवाल पर गौतम गंभीर ने बेबाक अंदाज में कहा कि उनका पूरा फोकस भारतीय क्रिकेट को आगे ले जाने पर है। उन्होंने कहा, "मेरा काम ट्रॉफियां जीतना है। मैं सिर्फ इसी में विश्वास करता हूं और इसी की परवाह करता हूं। यही मेरे और बाकी लोगों के बीच का अंतर है। मुझे विचारों या लाइक्स की चिंता नहीं है।"
चयन समिति के साथ बेहतर तालमेल
चयन समिति के अध्यक्ष अजित अगरकर के साथ अपनी चर्चाओं को लेकर गंभीर ने स्पष्ट किया कि उनकी बातचीत पूरी तरह से भारतीय क्रिकेट के भविष्य और सही फैसले लेने पर केंद्रित होती है। उनका उद्देश्य टीम के लिए सर्वोत्तम संयोजन तैयार करना है, जिससे टीम हर परिस्थिति में बेहतर प्रदर्शन कर सके।
रैंकिंग और खिलाड़ियों का समर्थन
विश्व टेस्ट चैंपियनशिप (डब्ल्यूटीसी) की रैंकिंग को ज्यादा तवज्जो न देते हुए गंभीर ने कहा कि टीम का ध्यान केवल प्रक्रिया और मैदान पर अच्छे प्रदर्शन पर है। इसके अलावा, उन्होंने कुलदीप यादव का समर्थन करते हुए कहा कि टीम ऐसी गेंदबाजी इकाई उतारना चाहती है जो 20 विकेट हासिल कर सके। साथ ही, उन्होंने पिछले मैचों में शानदार प्रदर्शन करने वाले मानव सुथार और देवदत्त पडिक्कल जैसे युवा खिलाड़ियों की भी जमकर सराहना की और कहा कि खिलाड़ियों को पर्याप्त मौके देकर उनका समर्थन करना बेहद जरूरी है।


