More
    Homeदेशबांके बिहारी मंदिर में दर्शन व्यवस्था को लेकर प्रतिवादियों को नोटिस जारी

    बांके बिहारी मंदिर में दर्शन व्यवस्था को लेकर प्रतिवादियों को नोटिस जारी

    नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने यूपी सरकार और न्यायालय द्वारा नियुक्त उच्चाधिकार समिति से मथुरा के प्रसिद्ध बांके बिहारी मंदिर में दर्शन के समय में परिवर्तन और देहरी पूजा बंद किए जाने को चुनौती देने वाली याचिका पर जवाब मांगा। सीजेआई सूर्यकांत, न्यायमूर्ति जॉयमाल्य बागची और विपुल पंचोली की पीठ ने प्रतिवादियों को नोटिस जारी किया है। कोर्ट ने उन्हें 7 जनवरी तक जवाब दाखिल करने को कहा है। यह याचिका मंदिर प्रबंधन समिति द्वारा गोपेश गोस्वामी और रजत गोस्वामी के जरिए दायर की गई थी।
    याचिका में समिति द्वारा लिए गए उन फैसलों को चुनौती दी गई है, जिनमें मंदिर के दर्शन के समय में बदलाव किया गया है और पारंपरिक देहरी पूजा को बंद कर दिया है। याचिकाकर्ताओं का तर्क है कि ये बदलाव सुप्रीम कोर्ट के 8 अगस्त के पूर्व आदेश के विरुद्ध है, जिसमें साफ कहा गया था कि समिति को मंदिर की आंतरिक धार्मिक प्रथाओं, जिनमें पूजा, सेवा और प्रसाद शामिल हैं, उनमें हस्तक्षेप नहीं करना चाहिए।
    याचिका के मुताबिक देहरी पूजा एक पवित्र अनुष्ठान है जो मंदिर के आम जनता के लिए बंद रहने के दौरान किया जाता है। भक्तों का मानना ​​है कि देहरी देवता के चरणों का प्रतीक है, और इस दौरान सुगंध, फूल और प्रार्थना जैसी वस्तुएं अर्पित की जाती हैं। याचिका में कहा गया है कि इस अनुष्ठान को रोकना अन्यायपूर्ण है और संविधान के तहत गोस्वामी समुदाय के धार्मिक अधिकारों का उल्लंघन करता है।
    मंदिर समिति की ओर से पेश वरिष्ठ वकील ने कोर्ट को बताया कि एचपीसी ने सदियों से चले आ रहे मंदिर के खुलने के समय में बदलाव किया है। उन्होंने कहा कि नए कार्यक्रम से देवता के सोने और आराम करने का समय प्रभावित होता है, जिसे पारंपरिक रूप से धार्मिक अनुष्ठान का हिस्सा माना जाता है। इन बदलावों से अहम आंतरिक अनुष्ठानों के समय में भी परिवर्तन आया है, जिसमें देवता के जागने और सोने का समय भी शामिल है। सीजेआई ने टिप्पणी करते हुए कहा कि देवता को एक मिनट के लिए भी आराम नहीं करने देते। इसी वक्त देवता का सबसे ज्यादा शोषण होता है। जो लोग मोटी रकम चुका सकते हैं, उन्हीं को विशेष पूजा की अनुमति दी जाती है।

    latest articles

    explore more

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here