नासिक। सिंहस्थ कुंभ मेला 2027 के महा ध्वजारोहण समारोह, ध्वज परिक्रमा जुलूस और राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू व राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा के संभावित दौरे को देखते हुए नासिक में प्रशासनिक तैयारियाँ तेज़ हो गई हैं। इसी सिलसिले में महानगरपालिका आयुक्त मनीषा खत्री ने रविवार को अधिकारियों के साथ गोदाघाट परिसर का बारीकी से निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने रास्तों से अतिक्रमण, पुरानी रेलिंग, सड़कों के गड्ढे और बेतरतीब फैले केबल तारों के जाल को तुरंत हटाने के कड़े निर्देश दिए।
सुगम आवाजाही और सुरक्षा पर प्रशासन का जोर
आयुक्त ने स्व. उत्तमराव ढिकले वाचनालय मार्ग और आसपास के इलाकों का जायजा लेते हुए फुटपाथ व सड़कों से सभी अवरोधों को हटाने को कहा। महा ध्वजारोहण में वीवीआईपी आगमन और भारी भीड़ को देखते हुए पुलिस विभाग ने सुरक्षा व्यवस्था की रिहर्सल भी पूरी कर ली है। इसके बाद मनपा प्रशासन ने गोदाघाट क्षेत्र की सफाई, अतिक्रमण हटाने और रास्तों को सुगम बनाने पर पूरा ध्यान केंद्रित कर दिया है।
श्रद्धालुओं के लिए लगेगा वाटर फिल्ट्रेशन प्लांट
सिंहस्थ कुंभ के दौरान गोदाघाट आने वाले लाखों श्रद्धालुओं को शुद्ध और ठंडा पेयजल उपलब्ध कराने के लिए नया जलकुंभ स्थापित किया जाएगा। परमहंस गणेश जी चैरिटेबल ट्रस्ट (मुंबई) की ओर से वाटर कूलर और वॉटर फिल्ट्रेशन प्लांट लगाया जा रहा है। संस्था के प्रतिनिधियों से मुलाकात के बाद आयुक्त ने गोसावी समाज मंदिर के पास इसके लिए जगह उपलब्ध कराने का भरोसा दिया है।
1968 से जारी परंपरा को मिलेगा नया रूप
ट्रस्ट प्रतिनिधियों के मुताबिक, रामकुंड पर 1968 से संचालित पुराने जलकुंभ से रोजाना 10,000 से अधिक श्रद्धालुओं को पानी मिलता था। पुराना ढांचा हटाए जाने के बाद अब नया अत्याधुनिक जलकुंभ बनाया जा रहा है। संस्था देशभर में 11 स्थानों पर ऐसी सुविधाएं चलाती है और इसके रखरखाव व संचालन का पूरा खर्च खुद वहन करती है। इस नई व्यवस्था से कुंभ के दौरान गोदाघाट पहुँचने वाले श्रद्धालुओं को बड़ी राहत मिलेगी।


