More
    Homeराजस्थानजयपुर90 हजार की रिश्वत लेते पावरग्रिड का डीजीएम एसीबी के शिकंजे में

    90 हजार की रिश्वत लेते पावरग्रिड का डीजीएम एसीबी के शिकंजे में

    बीकानेर में ट्रैप कार्रवाई, एक लाख की मांग का आरोप; सत्यापन के बाद 90 हजार रुपये लेते रंगे हाथ गिरफ्तार

    बीकानेर। भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने बीकानेर में बड़ी कार्रवाई करते हुए पावरग्रिड कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड के डिप्टी जनरल मैनेजर (डीजीएम) देवेश कुमार सिंह को 90 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई एसीबी मुख्यालय के निर्देश पर बीकानेर एसयू इकाई द्वारा की गई।

    एसीबी की अतिरिक्त महानिदेशक स्मिता श्रीवास्तव ने बताया कि ब्यूरो को शिकायत मिली थी कि परिवादी की फर्म द्वारा बिजली लाइन बिछाने के लिए किए जा रहे फाउंडेशन एवं अर्थिंग कार्य को सुचारू रूप से चलने देने के बदले आरोपी अधिकारी एक लाख रुपये की रिश्वत मांग रहा था और लगातार परेशान कर रहा था।

    शिकायत का सत्यापन करने पर रिश्वत की राशि 90 हजार रुपये तय होने की पुष्टि हुई। इसके बाद एसीबी ने योजनाबद्ध तरीके से ट्रैप कार्रवाई की।

    यह कार्रवाई उप महानिरीक्षक (बीकानेर रेंज) नारायण टोगस के सुपरविजन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक आशीष कुमार के निर्देशन में की गई। पुलिस निरीक्षक इन्द्र कुमार और उनकी टीम ने आरोपी को 90 हजार रुपये की रिश्वत लेते समय रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया।

    एसीबी ने आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। कार्रवाई अतिरिक्त महानिदेशक स्मिता श्रीवास्तव एवं महानिरीक्षक एस. परिमला के सुपरविजन में जारी है।

    ब्यूरो ने आरोपी के विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर अग्रिम अनुसंधान शुरू कर दिया है। एसीबी ने आमजन से भी भ्रष्टाचार के मामलों की सूचना देने की अपील करते हुए कहा है कि रिश्वत मांगने या भ्रष्टाचार से जुड़े मामलों की शिकायत टोल फ्री हेल्पलाइन 1064 तथा व्हाट्सएप हेल्पलाइन 9413502834 पर 24×7 दर्ज कराई जा सकती है।

    मिशनसच न्यूज के लेटेस्ट अपडेट पाने के लिए हमारे व्हाट्सप्प ग्रुप को जॉइन करें।
    https://chat.whatsapp.com/JX13MOGfl1tJUvBmQFDvB1

    अन्य खबरों के लिए देखें मिशनसच नेटवर्क

    https://missionsach.com/category/india

    latest articles

    explore more

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here