More
    Homeराज्यमध्यप्रदेशनिदान फॉल शबाब पर, पानी बढ़ने से बहने लगे सैलानी, फिर यूं...

    निदान फॉल शबाब पर, पानी बढ़ने से बहने लगे सैलानी, फिर यूं हुआ सबका रेस्क्यू

    जबलपुर: निदान फॉल में अचानक पानी तेज हो जाने की वजह से भगदड़ की स्थिति बन गई और लोगों की जान पर बन आई. लोगों ने आपस में ह्यूमन चैन बनाकर नदी पार की, तब जाकर लोगों की जान बच सकी. झरने में अचानक तेज पानी आने की वजह से लोग फंस गए थे. जिला प्रशासन ने लोगों को हिदायत दी है कि इन दिनों दोनों नदी नाले उफान पर हैं और लोग ऐसी जगह पर ना जाएं.

    जबलपुर में 15 दिन में 18 इंच बारिश
    जबलपुर में बारिश का दौर लगातार जारी है. बीते 15 दिनों में जबलपुर में लगभग 18 इंच बारिश हो चुकी है. इस बारिश की वजह से आसपास के नदी नाले उफान पर हैं. यह बात जरूर है कि लगातार हो रही बारिश की वजह से प्रकृति बहुत सुंदर हो गई है और कई जगहों पर झरनों में पानी आ गया है. इसी पानी और सुंदरता को देखने के लिए लोग अक्सर पहाड़ी झरनों के पास पहुंच जाते हैं और दुर्घटना का शिकार हो जाते हैं.

    150 मीटर ऊपर से गिरता है पानी
    जबलपुर में भी कुछ ऐसी ही स्थिति बनी. जबलपुर की कटंगी में निदान वाटरफॉल है, इसमें लगभग डेढ़ सौ मीटर ऊपर से पानी गिरता है. जो ऊपर एक पहाड़ी नाले से होकर आता है. पहाड़ के ऊपर संग्रामपुर का जंगल है, इसी जंगल में जब बारिश होती है तो यह पानी झरने के रूप में निदान फॉल में गिरता है. जिस पहाड़ से पानी गिरता है उसकी संरचना सीडी नुमा है, इसलिए गिरता हुआ पानी बहुत सुंदर लगता है.

    झरना देखने पहुंचे थे लोग
    हालांकि यह जगह बहुत खतरनाक है. लगभग 2 किलोमीटर जंगल के रास्ते से इस झरने तक पहुंचा जाता है. इस 2 किलोमीटर में भी झरने के किनारे किनारे चलना होता है. दो दिन पहले सैकड़ों की तादाद में यहां लोग पहुंचे. लोग झरने के काफी करीब थे, तभी झरने में पानी बढ़ गया. इसकी वजह से लोग घबरा गए और भगदड़ की स्थिति बन गई.

    मौके पर मौजूद सुजल बर्मन ने बताया कि, ''लोग निदान फॉल में बहुत ऊपर तक चढ़ गए थे, तभी बारिश तेज हो गई और झरने में बहुत ज्यादा पानी आ गया. यह तो गनीमत थी कि कोई हादसा नहीं हो पाया. हम सभी ने एक दूसरे का हाथ पकड़कर झरने को पार किया. निदान फॉल में हर साल दुर्घटनाएं होती हैं और लोगों की जान जाती है.'' हालांकि जबलपुर के एडिशनल एसपी सूर्यकांत शर्मा का कहना है कि, ''ऐसी तमाम जगहों पर हमने पुलिस की तैनाती की है और लोगों को यह हिदायत दी गई है कि वह खतरनाक जगह पर ना जाएं.''

    एक साथ हुई थी 9 लोगों की मौत
    निदान फॉल बेशक एक पर्यटक स्थल है, हर साल यहां हजारों की तादाद में लोग पहुंचते हैं. लेकिन जिला प्रशासन ने यहां अब तक कोई व्यवस्था नहीं की है इसकी वजह से दुर्घटनाएं होते हैं. अक्सर पहाड़ी झरनों पर जाने वाले रास्ते सुनसान होते हैं यहां सब जगह पुलिस की तैनाती नहीं की जा सकती. हर साल हादसे होते हैं लेकिन उसके बावजूद लोग ऐसी जगह पर जाने से कतराते नहीं है. जबलपुर के दमोह रोड पर बगदरी फॉल नाम की एक जगह है यहां पर भी काफी ऊंचाई से पानी गिरता है और लोग यहां पहुंचते हैं. कुछ साल पहले यहां एक साथ नौ लोगों की मौत हुई थी. यह सभी लोग पहाड़ के ऊपर थे और अपनी तेज हो गया था.

    latest articles

    explore more

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here