More
    Homeराज्यछत्तीसगढ़भूमि आवंटन समस्या के समाधान के लिए बनी संयुक्त समिति

    भूमि आवंटन समस्या के समाधान के लिए बनी संयुक्त समिति

    कोरबा। कोरबा प्रेस क्लब के सदस्यों के बहुप्रतीक्षित भूमि आवंटन में पिछले लंबे समय से चले आ रहे गतिरोध को दूर करने के लिए तिलक भवन के सभागार में एक विशेष बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में पत्रकार गृह निर्माण समिति मर्यादित और जमीन आवंटन के हितग्राही सदस्यों ने हिस्सा लिया। वर्ष 2009 से लेकर 2026 तक जमीन न मिल पाने के कारण परेशान और लंबे समय से प्रतीक्षा कर रहे पत्रकारों की चिंताओं को दूर करने के लिए विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की गई।

    भूमि आवंटन का सफर और टाउन एंड कंट्री प्लानिंग की अड़चनें

    बैठक में पदाधिकारियों ने जानकारी दी कि प्रथम चरण में 110 सदस्यों को भूमि आवंटित की गई थी, जिसके बाद शेष 14 प्लाटों के लिए लॉटरी पद्धति से अन्य सदस्यों को जमीन दी गई। इसके बाद के चरण में 30 और नए सदस्यों को इस प्रक्रिया से जोड़ा गया। वर्तमान संकट तब खड़ा हुआ जब टाउन एंड कंट्री प्लानिंग (T&CP) के मापदंडों के विपरीत कार्य होने के कारण विभाग ने पूर्व में जमा कराया गया नक्शा अस्वीकृत कर वापस कर दिया।

    बिना विभागीय अनुमति के कराए गए विकास कार्यों और लीज एग्रीमेंट के कारण वर्तमान नियमों में इन्हें अमान्य माना जा रहा है। अब सभी 154 सदस्यों की आपसी सर्वसम्मति से ही आगे की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। इस पूरे विवाद को सुलझाने के लिए एक संयुक्त समिति का गठन किया गया है। अधिकारियों और पदाधिकारियों ने इसे इन-हाउस मामला बताते हुए सभी से आपसी सहमति से निर्णय स्वीकार करने की अपील की है ताकि प्रक्रिया बिना किसी कानूनी बाधा के पूरी हो सके।

    विवाद के मुख्य बिंदु और विभागीय शर्तें

    • वर्ष 2009-2011 का मामला: साल 2009 में भूमि आवंटन और 2011 में कलेक्टर व संस्था के बीच रजिस्ट्री निष्पादित हुई थी, जिसमें टीएंडसीपी की एनओसी अनिवार्य शर्त थी।

    • मई 2026 का नोटिस: विभाग में दिए गए नए आवेदन पर 17 बिंदुओं का नोटिस मिला था, जिसके जवाब में नया नक्शा प्रस्तुत किया गया।

    • विभाग की शर्त: सड़क चौड़ीकरण, एलआईजी/ईडब्लूएस/बीपीएल के लिए आरक्षित भूमि और अन्य नियमों का पालन करने के बाद ही नया नक्शा पास हो सकता है। सभी 154 सदस्यों की सहमति मिलने पर विभाग 3-4 दिनों के भीतर एमओसी जारी कर देगा।

    समस्या के समाधान के लिए प्रस्तावित तीन विकल्प

    बैठक में टीएंडसीपी अधिकारियों से हुई चर्चा के आधार पर तीन प्रमुख विकल्प सामने आए हैं:

    1. लीज के आधार पर निवास: सदस्य बिना इंडिविजुअल रजिस्ट्री के अपनी वर्तमान स्थिति में रहें और भविष्य में शासकीय नियमितीकरण नीति का इंतजार करें।

    2. संशोधित नक्शा और क्षेत्रफल समायोजन: नियमानुसार नया नक्शा स्वीकृत कराया जाए। हालांकि, सड़कों और सार्वजनिक आरक्षण के प्रावधानों के चलते प्रत्येक प्लॉट का क्षेत्रफल थोड़ा कम (जैसे 1700 वर्ग फीट से घटकर करीब 1600 वर्ग फीट) हो सकता है।

    3. 30 सदस्यों के लिए चरणबद्ध प्रक्रिया: पहले चरण के 124 सदस्यों की कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद, अतिरिक्त भूमि मिलने पर शेष 30 सदस्यों को प्राथमिकता से आवंटन दिया जाए।

    संयुक्त समिति का गठन और आगामी कार्ययोजना

    बैठक के अंत में सर्वसम्मति से एक संयुक्त समिति बनाई गई है जिसमें प्रेस क्लब की प्रबंध कार्यकारिणी, पत्रकार गृह निर्माण समिति की कार्यकारिणी, वरिष्ठ सदस्य मो. सादिक शेख और नए 30 सदस्यों में से 5 प्रतिनिधि (हीरा राठौर, कैलाश यादव, राजेश कुमार, दीपक गुप्ता व मोतीलाल नायक) शामिल हैं। यह समिति सभी नए सदस्यों से चर्चा करके आगामी गुरुवार को दोपहर 12:00 बजे प्रेस क्लब सभागार में होने वाली बैठक में अपना मसौदा प्रस्तुत करेगी।

    latest articles

    explore more

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here