रायपुर। छत्तीसगढ़ के बीएड और डीएलएड पाठ्यक्रमों में सत्र 2026-27 के लिए प्रवेश का इंतजार कर रहे अभ्यर्थियों के लिए राहत भरी खबर है। दो चरणों की काउंसलिंग प्रक्रिया पूरी होने के बाद भी विभिन्न कॉलेजों में खाली रह गईं सीटों को भरने के लिए राज्य स्तर पर तीसरे और अंतिम चरण की काउंसलिंग प्रक्रिया 5 नवंबर से शुरू होने जा रही है। जिन अभ्यर्थियों ने अब तक प्रवेश नहीं लिया है या जिनका पहले का दाखिला निरस्त हो चुका है, वे इस अवसर का लाभ उठाकर अपनी सीट पक्की कर सकते हैं।
10 नवंबर तक भर सकेंगे ऑनलाइन विकल्प
अंतिम चरण की इस प्रक्रिया में अभ्यर्थी 5 नवंबर से 10 नवंबर तक आधिकारिक पोर्टल पर ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन करने के साथ-साथ अपनी पसंद के कॉलेजों का विकल्प चुन सकेंगे। काउंसलिंग का यह दौर नए आवेदकों के साथ-साथ उन उम्मीदवारों को भी मौका दे रहा है, जिन्होंने शुरुआती चरणों में पंजीयन तो कराया था लेकिन किसी कारणवश दाखिला नहीं लिया या अपना प्रवेश निरस्त करवा लिया था।
सीट मिलने पर प्रवेश अनिवार्य, नियम तोड़ा तो प्रक्रिया से होंगे बाहर
जारी निर्देशों के मुताबिक, तीसरे चरण में जिस भी अभ्यर्थी को सीट आवंटित होगी, उसे संबंधित कॉलेज में निर्धारित समय के भीतर प्रवेश लेना ही होगा। यदि कोई उम्मीदवार आवंटित सीट पर प्रवेश नहीं लेता है, तो उसे काउंसलिंग की आगामी सभी सूचियों और संपूर्ण प्रवेश प्रक्रिया से सीधे बाहर कर दिया जाएगा। इसलिए अभ्यर्थियों को सलाह दी गई है कि वे कॉलेजों का चयन करते समय पूरी सावधानी बरतें।
दो चरणों में जारी होंगी कुल छह आवंटन सूचियां
प्रवेश प्रक्रिया को व्यवस्थित ढंग से संचालित करने के लिए कुल छह अलग-अलग आवंटन सूचियां जारी की जाएंगी। शुरुआती दौर में ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन और प्राथमिक विकल्पों के आधार पर पहली तीन मेरिट सूचियां जारी होंगी। इसके बाद भी बची हुई रिक्त सीटों के लिए पंजीकृत अभ्यर्थियों को 22 और 23 नवंबर को अपने कॉलेज विकल्पों में संशोधन करने का विशेष मौका दिया जाएगा। यह सुविधा केवल उन्हीं अभ्यर्थियों को मिलेगी जिन्हें पहली तीन सूचियों में कोई सीट नहीं मिली होगी। इसके पश्चात चौथी, पांचवीं और छठवीं अंतिम आवंटन सूची जारी की जाएगी।
फीस का नियम और पात्रता की स्थिति
जिन उम्मीदवारों ने पहले चरण में पंजीयन कराया था, उनसे दोबारा कोई पंजीकरण शुल्क नहीं लिया जाएगा, हालांकि उन्हें तीसरे चरण में शामिल होने के लिए अपनी सहमति दर्ज कराना अनिवार्य होगा। वहीं नए आवेदन करने वाले अभ्यर्थियों को निर्धारित शुल्क देना होगा। इसके अतिरिक्त, जिन अभ्यर्थियों ने पूर्व के चरणों में किसी कॉलेज में प्रवेश ले लिया है और उनका दाखिला सुरक्षित है, वे इस अंतिम चरण में हिस्सा नहीं ले सकेंगे।


