इस्लामाबाद। पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की रिहाई की मांग को लेकर उनकी पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (PTI) द्वारा आयोजित किए जाने वाले देशव्यापी प्रदर्शन और इस्लामाबाद मार्च के मद्देनजर राजधानी की सुरक्षा पूरी तरह छावनी में तब्दील कर दी गई है। कड़े सुरक्षा इंतजामों के बीच प्रशासन ने शहर को लगभग पूरी तरह से सील कर दिया है।
राजधानी में किलेबंदी और कड़े प्रतिबंध
प्रशासन ने इस्लामाबाद की ओर आने वाले सभी प्रमुख रास्तों और राजमार्गों को रोकने के लिए 1,000 से अधिक शिपिंग कंटेनर खड़े कर दिए हैं, जिनमें से कई पर नुकीले कांटे भी लगाए गए हैं। इसके अलावा पुलों पर रेत की बोरियां रखी गई हैं। कानून-व्यवस्था बनाए रखने और किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए राजधानी में सार्वजनिक सभाओं पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया गया है तथा शहर भर में 22,000 से अधिक पुलिस और सुरक्षाकर्मियों को तैनात किया गया है।
सुरक्षा के इन कड़े उपायों के तहत खैबर पख्तूनख्वा प्रांत को इस्लामाबाद से जोड़ने वाले मुख्य राजमार्गों को भी बंद कर दिया गया है, जिससे प्रांतीय सीमाओं पर आवाजाही ठप हो गई है।
जनजीवन और कारोबार पर असर
व्यापक नाकेबंदी और पाबंदियों के कारण स्थानीय नागरिकों और कारोबारियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। राजधानी में रोजमर्रा की जरूरी चीजों की आपूर्ति प्रभावित होने से आम जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। इस बीच राजनीतिक सरगर्मी भी तेज है, क्योंकि पार्टी और समर्थकों का मुख्य उद्देश्य अगस्त 2023 से जेल में बंद पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की रिहाई सुनिश्चित करना है।


