More
    Homeराजस्थानजयपुरन्यूनतम मजदूरी बढ़ाने की मांग को लेकर जयपुर में राज्यस्तरीय सम्मेलन आयोजित

    न्यूनतम मजदूरी बढ़ाने की मांग को लेकर जयपुर में राज्यस्तरीय सम्मेलन आयोजित

    सम्मेलन में श्रमिक संगठनों ने गरिमापूर्ण मजदूरी और सामाजिक सुरक्षा को बताया जरूरी

    जयपुर। राजस्थान में बढ़ती महंगाई और कम न्यूनतम मजदूरी दरों को लेकर जयपुर स्थित राजस्थान समग्र सेवा संघ में राज्यस्तरीय श्रमिक सम्मेलन आयोजित किया गया। सम्मेलन में विभिन्न ट्रेड यूनियनों, श्रमिक संगठनों और जनसंगठनों के करीब 200 मजदूरों एवं 30 संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।

    सम्मेलन में वक्ताओं ने कहा कि राजस्थान देश के उन राज्यों में शामिल है, जहां न्यूनतम मजदूरी दरें बेहद कम हैं। लगातार बढ़ती महंगाई के बीच श्रमिक अपने परिवार की बुनियादी जरूरतें पूरी करने में भी असमर्थ हो रहे हैं। सम्मेलन में श्रमिकों की आर्थिक स्थिति, असंगठित क्षेत्र की समस्याएं और सामाजिक सुरक्षा के अभाव को लेकर चिंता व्यक्त की गई।

    सीआईटीयू प्रदेश अध्यक्ष रवीन्द्र शुक्ल ने कहा कि वर्तमान मजदूरी दरें श्रमिक विरोधी हैं और मजदूर संगठनों को साझा संघर्ष के माध्यम से सरकार पर दबाव बनाना होगा। एआईटीयूसी महासचिव कुणाल रावत ने कहा कि महंगाई के मुकाबले मजदूरी में बढ़ोतरी नहीं होना श्रमिकों के जीवन पर सीधा असर डाल रहा है।

    सम्मेलन में निर्माण मजदूर, खदान मजदूर, घरेलू कामगार, मनरेगा श्रमिक, गिग वर्कर, स्ट्रीट वेंडर और अन्य असंगठित क्षेत्र के मजदूरों ने अपने अनुभव साझा किए। श्रमिकों ने कम मजदूरी, असुरक्षित कार्य परिस्थितियां, समय पर भुगतान नहीं मिलने और सामाजिक सुरक्षा के अभाव जैसी समस्याएं उठाईं।

    मजदूर किसान शक्ति संगठन के संस्थापक निखिल डे ने कहा कि न्यूनतम मजदूरी केवल आर्थिक मुद्दा नहीं बल्कि सम्मान और बराबरी का अधिकार है। वहीं कविता श्रीवास्तव ने असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों की सुरक्षा और अधिकारों पर जोर दिया।

    सम्मेलन में सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए गए, जिसमें रंगकर्मी शंकर सिंह और उनकी टीम ने जनगीतों के माध्यम से मजदूरों की समस्याओं को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया।

    अंत में सम्मेलन में राजस्थान में न्यूनतम मजदूरी ₹26 हजार प्रतिमाह करने, महंगाई के अनुसार हर छह माह में मजदूरी संशोधन, “जनता का मजदूर आयोग” गठित करने तथा “राजस्थान न्यूनतम मजदूरी संघर्ष मोर्चा” बनाने सहित कई प्रस्ताव पारित किए गए।

    मिशनसच न्यूज के लेटेस्ट अपडेट पाने के लिए हमारे व्हाट्सप्प ग्रुप को जॉइन करें।
    https://chat.whatsapp.com/JX13MOGfl1tJUvBmQFDvB1

    अन्य खबरों के लिए देखें मिशनसच नेटवर्क

    https://missionsach.com/category/india

    latest articles

    explore more

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here